समाचार · छत्तीसगढ़
मोबाइल रिकवरी में बिलासपुर पुलिस प्रदेश में अव्वल:अर्पण अभियान में पुलिस की पहल, 150 लोगों को लौटाए 30 लाख रुपए के गुम मोबाइल
छत्तीसगढ़ में मोबाइल रिकवरी के मामले में बिलासपुर पुलिस अवल्ल स्थान पर है। पुलिस अब तक एक साल में 1500 गुम मोबाइल बरामद कर उनके मालिकों को लौटा चुकी है। यह आंकड़ा प्रदेश के सभी जिलों में सबसे ज्यादा है। गुरुवार को दीपावली से पहले पुलिस ने 150 और लोगों को उनके गुम हुए मोबाइल लौटाए। इन स्मार्टफोन की कुल कीमत करीब 30 लाख रुपए है। दरअसल, एसएसपी रजनेश सिंह ने ‘आपकी अमानत, आपके पास’ के उद्देश्य से अर्पण अभियान की शुरुआत की है। इसके तहत जिले के अलग-अलग थाना क्षेत्रों में गुम हुए मोबाइल तलाश कर उनके मालिकों को सुरक्षित लौटाए जा रहे हैं। अभियान के तहत बिलासपुर पुलिस साल 2026 में अब तक करीब 1500 मोबाइल बरामद कर लोगों को सौंप चुकी है। यह आंकड़ा पूरे प्रदेश में सबसे ज्यादा है। साइबर सेल की टीम करती है ट्रैक एसीसीयू एएसपी मधुलिका सिंह के नेतृत्व में साइबर सेल की टीम ने छत्तीसगढ़ और आसपास के राज्यों से इन मोबाइलों को ट्रैक कर बरामद किया। गुरुवार को लोगों को उनके गुम हुए मोबाइल वापस मिले तो चेहरे खिल उठे। किसी को रक्षाबंधन पर भाई से मिला गिफ्ट वापस मिला, तो अस्पताल में इलाज के दौरान मोबाइल खो चुकी बुजुर्ग महिला को राहत मिली। वहीं, एक युवती अपनी पहली कमाई से मां को दिए गए मोबाइल के वापस मिलने पर भावुक हो गई। हाईकोर्ट की एक अधिवक्ता और एक दिव्यांग बुजुर्ग ने भी पुलिस की तेज कार्रवाई की तारीफ की। इस दौरान एएसपी (शहर) पंकज कुमार पटेल, डीएसपी सुदीप सरकार समेत अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। संचार साथी एप और साइबर सुरक्षा पर दी समझाइश कार्यक्रम के दौरान एसीसीयू प्रभारी सुदीप सरकार ने उपस्थित नागरिकों को बढ़ते साइबर फ्रॉड के तरीकों से आगाह किया। उन्होंने भारत सरकार के संचार साथी पोर्टल व एप के उपयोग की जानकारी दी, जिससे भविष्य में मोबाइल चोरी होने पर उसे तुरंत ब्लॉक व ट्रैक किया जा सके।