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देवी-देवताओं पर अपमानजनक टिप्पणी करने वालों को रामदेव की चेतावनी, 'स्पेशल टीम' का ऐलान

योगगुरु स्वामी रामदेव ने शुक्रवार को सनातन धर्म और देवी-देवताओं के बारे में 'अपमानजनक टिप्पणियां' करने वालों को चेतावनी देते हुए कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के लिए पतंजलि में एक विशेष टीम गठित की जाएगी।पौड़ी जिले के यमकेश्वर स्थित मालागांव में आयोजित तीन दिवसीय हर्बल कुंभ-जड़ी-बूटी कृषि मेला एवं श्री धन्वंतरि धाम महोत्सव के समापन समारोह में रामदेव ने यह घोषणा की।उन्होंने सनातन धर्म और देवी-देवताओं के बारे में कथित अपमानजनक टिप्पणियां करने वालों को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि भगवान राम, कृष्ण और हनुमान सहित अन्य देवी-देवताओं का उपहास उड़ाने वालों को अब कानूनी रूप से जवाब दिया जाएगा।क्या-क्या बोले रामदेव?रामदेव ने कहा कि इसके लिए पतंजलि योगपीठ में जल्द ही एक विशेष टीम गठित की जाएगी, जो ऐसे मामलों में मुकदमा दर्ज कराने की पहल करेगी। उन्होंने कहा कि आज ऐसी स्थिति पैदा हो गई है कि ईश्वर और अवतारी सत्ताओं पर आक्षेप लगाने वालों के समर्थन में भी लोग खड़े हो जाते हैं। देवी-देवताओं के प्रति अपमानजनक व्यवहार को उन्होंने धार्मिक और सांस्कृतिक पाप बताते हुए सवाल किया कि किसी को भी हमारे आराध्यों का अपमान करने का अधिकार कैसे हो सकता है।उन्होंने कहा कि किसी भी धर्म, आस्था और महापुरुष का अनादर नहीं होना चाहिए। योगगुरु ने कहा कि यदि कोई मोहम्मद साहब या ईसा मसीह के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी करे तो उसकी प्रतिक्रिया कैसी होगी, इस पर भी विचार किया जाना चाहिए।'हम सब भगवान के अंश हैं'रामदेव ने सभी धर्मों और आस्थाओं के प्रति उदारता का संदेश देते हुए कहा कि किसी को किसी का मजाक नहीं उड़ाना चाहिए और न ही किसी का अनादर करना चाहिए। जीवन में करने के लिए बहुत कुछ है। आनंदपूर्वक जीवन जीना चाहिए और सभी के प्रति प्रेम रखना चाहिए। हम सब भगवान के अंश हैं। परमात्मा से प्रेम, गुरु का आश्रय और भक्ति ही सनातन का वास्तविक मार्ग है।उन्होंने सनातन धर्म का आवरण ओढ़कर बैठे लोगों को भी बेनकाब करने की आवश्यकता जताई।