Thursday, 29 October 2026
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हिसार में बच्चों के अपहरण का प्रयास:पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार; डंडे बरामद, मुख्य आरोपी पहले ही जेल भेजा गया

INT News29 October 2026 at 02:42 pm

हिसार के गांव लुदास में बच्चों का रास्ता रोककर मारपीट करने, अपहरण का प्रयास करने और जान से मारने की नीयत से हमला करने के मामले में हिसार पुलिस ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गांव लुदास निवासी परमजीत उर्फ घोलू और गांव शाहपुर निवासी आशीष उर्फ आशु के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किए गए डंडे बरामद किए हैं। अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद पुलिस ने दोनों के खिलाफ कार्रवाई की। पुलिस रिमांड पूरा होने पर आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। स्कूल से बच्चों को लेकर लौटते समय रास्ता रोकने का आरोप पुलिस के अनुसार, गांव लुदास निवासी कृष्ण कुमार की शिकायत पर सदर थाना हिसार में मुकदमा नंबर 603 दर्ज किया गया था। शिकायत में बताया गया कि 28 सितंबर 2026 को दोपहर के समय वह अपने बच्चों को स्कूल से लेकर घर लौट रहे थे। इसी दौरान काले रंग की स्कॉर्पियो गाड़ी में सवार होकर आए आरोपियों ने कथित तौर पर उनका रास्ता रोक लिया। इसके बाद उनके साथ मारपीट की गई और अपहरण करने तथा जान से मारने की कोशिश करने का आरोप लगाया गया। शिकायतकर्ता के अनुसार, वारदात में इस्तेमाल की गई गाड़ी की नंबर प्लेट पर काली टेप लगाई गई थी। मुख्य आरोपी पहले ही गिरफ्तार, स्कॉर्पियो गाड़ी जब्त इस मामले में पुलिस मुख्य आरोपी दिनेश उर्फ बानी निवासी गांव लुदास को पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज चुकी है। पुलिस ने वारदात में कथित तौर पर इस्तेमाल की गई किराये की स्कॉर्पियो गाड़ी को भी कब्जे में लिया है। गाड़ी का नंबर जीजे 16 एफबी 3581 बताया गया है। सीसीटीवी फुटेज और साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई पुलिस ने शिकायतकर्ता की ओर से उपलब्ध कराए गए सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों का अध्ययन करने के बाद मामले में दो अन्य आरोपियों की संलिप्तता की जांच की। इसके बाद परमजीत उर्फ घोलू पुत्र सुरेश कुमार निवासी गांव लुदास और आशीष उर्फ आशु पुत्र गुलाब सिंह निवासी गांव शाहपुर को गिरफ्तार किया गया। पुलिस रिमांड के दौरान पूछताछ में दोनों आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किए गए डंडे बरामद किए गए। इसके अलावा घटनास्थल और गाड़ी की नंबर प्लेट पर टेप लगाने से संबंधित स्थान की निशानदेही की कार्रवाई भी पूरी की गई।