समाचार · छत्तीसगढ़
बारिश में भीगते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे पटवारी:PV ऐप के विरोध में काले कपड़े पहनकर निकाला मार्च,CM के नाम सौंपा ज्ञापन
PV ऐप के जरिए फसलों के भौतिक सत्यापन में आ रही तकनीकी और व्यावहारिक समस्याओं के विरोध में छत्तीसगढ़ पटवारी संघ की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी है। गुरुवार को बेमेतरा में पटवारियों ने काले कपड़े पहनकर प्रदर्शन किया। हड़ताल स्थल जय स्तंभ चौक से पैदल मार्च निकालते हुए पटवारी बारिश में भीगते हुए कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां उन्होंने अपनी चार सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। पटवारियों ने मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी है। PV ऐप का दबाव बढ़ा रहा परेशानी पटवारी संघ के अनुसार, PV ऐप के माध्यम से फसलों का सत्यापन करने में कई तरह की तकनीकी और व्यावहारिक समस्याएं आ रही हैं। इन समस्याओं से शासन और विभाग को पहले भी अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है। संघ ने ऐप का विरोध करने पर पटवारियों के खिलाफ की जा रही कार्रवाई पर भी नाराजगी जताई है। पटवारियों का कहना है कि वे पहले से ही डिजिटल क्रॉप सर्वे, एग्रीस्टैक पंजीयन, किसान पंजीयन, बकेट क्लेम, जनगणना के प्रथम चरण, लघु सिंचाई संगणना, रेलवे और राष्ट्रीय राजमार्ग सर्वे, आय-जाति-निवास प्रमाण पत्र, स्वामित्व योजना और सेवा संकल्प शिविर सहित कई जिम्मेदारियां निभा रहे हैं। ऐसे में तकनीकी खामियों से जूझ रहे PV ऐप के जरिए सत्यापन का अतिरिक्त दबाव उनकी परेशानी बढ़ा रहा है। संघ की मांग है कि ऐप में आ रही समस्याओं का समाधान किया जाए या मौजूदा व्यवस्था में जरूरी सुधार किए जाएं, ताकि फसल सत्यापन का काम सुचारू रूप से हो सके। तबादले, नोटिस और निलंबन की कार्रवाई वापस लेने की मांग पटवारी संघ ने आरोप लगाया कि PV ऐप के विरोध के चलते बलौदाबाजार और गौरेला-पेंड्रा-मरवाही जिलों में पदाधिकारियों और पटवारियों के तबादले किए गए तथा कारण बताओ नोटिस जारी किए गए। वहीं महासमुंद जिले में पटवारियों के निलंबन की कार्रवाई भी की गई है। संघ ने इन कार्रवाइयों को वापस लेने की मांग की है। इसके अलावा लंबे समय से लंबित वेतन विसंगति दूर करने और विभागीय पदोन्नति देने की मांग भी उठाई गई है। पटवारियों ने धान खरीदी के लिए उन्हें नोडल अधिकारी बनाए जाने का विरोध करते हुए कहा कि मांगों पर सकारात्मक निर्णय होने तक आंदोलन जारी रहेगा। किसान पंजीयन नहीं होने से परेशान पटवारियों की हड़ताल का असर राजस्व संबंधी कामों पर पड़ने लगा है। किसान पंजीयन और एग्रीस्टैक से जुड़े कार्य प्रभावित होने के कारण किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। किसान अरुण दुबे ने बताया कि किसान पंजीयन और एग्रीस्टैक से जुड़े काम नहीं हो पाने के कारण उन्हें पिछले एक सप्ताह से भटकना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि पंजीयन की अंतिम तारीख नजदीक आ रही है। यदि समय पर पंजीयन नहीं हुआ तो उन्हें परेशानी उठानी पड़ सकती है। उन्होंने प्रशासन से जल्द समाधान निकालने की मांग की। मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन पटवारी संघ के जिलाध्यक्ष निर्जल डिंडौरे ने बताया कि संघ 13 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर है। प्रमुख मांगों में PV ऐप की समस्याओं का समाधान, वेतन विसंगति दूर करना, विभागीय पदोन्नति और विरोध प्रदर्शन के दौरान पटवारियों पर की गई कार्रवाई वापस लेना शामिल है। उन्होंने कहा कि बेमेतरा जिले में पटवारियों को धान खरीदी के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाने का भी विरोध किया जा रहा है। जब तक मांगों पर निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। प्रदर्शन में जिलेभर के पटवारी मौजूद रहे। वहीं तहसीलदार जयंत पटले ने बताया कि पटवारी संघ ने अपनी चार सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा है।