Tuesday, 3 November 2026
INTइंडियन न्यूज़ ट्रस्टजहाँ सत्य मिले विश्वास से
ताज़ा खबरें

समाचार · मध्य प्रदेश

भोपाल में हनी ट्रैप, ब्लैकमेलिंग की शिकायत:40 लाख लेने के बाद फिर 1.5 करोड़ रुपए की मांग; थाने पहुंचे पीड़ित

INT News3 November 2026 at 10:54 pm

भोपाल में एक प्रतिष्ठित व्यवसायी को कथित हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग के जरिए निशाना बनाए जाने का मामला सामने आया है। व्यवसायी ने एक महिला, उसके पति और पिता पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि दुष्कर्म के झूठे मामले में फंसाने की धमकी देकर उनसे अलग-अलग चरण में लगभग 40 लाख रुपए वसूले गए। आरोप है कि इतनी बड़ी रकम लेने के बावजूद आरोपियों की मांग खत्म नहीं हुई और बाद में डेढ़ करोड़ रुपये की अतिरिक्त मांग की गई। शिकायत पर बागसेवनिया पुलिस द्वारा मामला दर्ज कर महिला, उसके पति समेत तीन के विरुद्ध कार्रवाई की है। पीड़ित के अनुसार, पूरे घटनाक्रम की शुरुआत दुष्कर्म के झूठे आरोप में फंसाने की धमकी से हुई। उनका आरोप है कि महिला ने पहले 5 लाख रुपए और फिर 10 लाख रुपए नकद लिए। इस लेन-देन से संबंधित मूल अनुबंध पत्र उनके पास सुरक्षित हैं। पीड़ित का दावा है कि इन दस्तावेजों पर महिला, उसके पति और गवाहों के हस्ताक्षर मौजूद हैं। इनमें महिला के पिता रामकृष्ण देवड़ा भी एक गवाह बताए गए हैं। शिकायत वापस लेने के नाम पर 25 लाख का समझौता पीड़ित के मुताबिक, इसके बाद महिला ने एमपी नगर थाने में दुष्कर्म संबंधी शिकायत की। आरोप है कि एक मध्यस्थ के माध्यम से 40 लाख रुपए की मांग रखी गई और शिकायत वापस लेने के लिए दबाव बनाया गया। बाद में कथित तौर पर 25 लाख रुपए में स्टाम्प पर समझौता हुआ। महिला को 10 लाख और 15 लाख रुपए के दो चेक दिए। उनके अनुसार, भुगतान के बाद महिला ने अपनी शिकायत वापस ले ली। पीड़ित ने बताया कि उन्होंने अपनी सामाजिक प्रतिष्ठा, परिवार की गरिमा और वर्षों से अर्जित सम्मान को ध्यान में रखते हुए विवाद को समाप्त करने के लिए बड़ी रकम चुकाई। बावजूद कथित तौर पर पैसों की मांग बंद नहीं हुई। 40 लाख के बाद सीधे डेढ़ करोड़ की मांग!

मामले में सबसे गंभीर आरोप यह है कि कुछ समय बाद महिला के पति और पिता ने कथित तौर पर फोन कर सीधे डेढ़ करोड़ रुपए की मांग कर दी। आरोप है कि रकम नहीं देने पर उन्हें दोबारा दुष्कर्म और एससी/एसटी एक्ट के मामले में फंसाने तथा जान से मारने की धमकियां दी गईं।

व्यवसायी का दावा है कि उनके पास इन कथित धमकियों से संबंधित कॉल रिकॉर्डिंग और व्हाट्सऐप चैट मौजूद हैं, जिन्हें उन्होंने पुलिस को उपलब्ध कराया है।