समाचार · मध्य प्रदेश
RTE छात्रा की टीसी रोकने का आरोप, पहुंची जनसुनवाई:बोली- प्रिंसिपल फीस मांग रहे; गुना कलेक्टर ने शिक्षा विभाग को जांच सौंपी
गुना शहर के एक निजी स्कूल द्वारा RTE के तहत एडमिशन होने के बावजूद भी आदिवासी छात्रा की TC नहीं दी जा रही है। छात्रा ने मंगलवार को जनसुनवाई में पहुंचकर आवेदन दिया है। उसका कहना है कि स्कूल वाले फीस भरने का दबाव बना रहे हैं, जबकि RTE के तहत एडमिशन वालों को फीस नहीं भरनी होती है। श्रीराम कॉलोनी में रहने वाली छात्रा सुमोना आदिवासी ने मंगलवार को जनसुनवाई में आवेदन सौंपा। उसने बताया कि उसने दयाल पब्लिक हायर सेकेंड्री स्कूल, श्रीराम कॉलोनी से कक्षा 8वीं उत्तीर्ण कर ली है। अब उसे आगे की पढ़ाई के लिए विद्यालय से टीसी की आवश्यकता है, लेकिन विद्यालय के प्राचार्य द्वारा टीसी देने से मना किया जा रहा है। उसने बताया कि प्रिंसिपल द्वारा पहले फीस जमा करने के लिए कहा जा रहा है। उसका विद्यालय में प्रवेश शिक्षा का अधिकार अधिनियम (RTE) के अंतर्गत हुआ था। आरटीई के तहत अध्ययनरत विद्यार्थियों से इस प्रकार फीस की मांग करना और टीसी रोकना नियमों के विपरीत है। विद्यालय के इस व्यवहार के कारण उसके आगे के प्रवेश और शिक्षा में अनावश्यक बाधा उत्पन्न हो रही है। कलेक्टर ने जल्द जांच के लिए कहा
छात्रा ने आवेदन सौंपकर मामले की जांच कर संबंधित विद्यालय को तत्काल बिना किसी अवैध फीस की मांग किए उसका स्थानांतरण प्रमाण-पत्र (टीसी) जारी करने की मांग की है। कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को मामले में जांच कर जल्द सुलझाने के निर्देश दिए।