Sunday, 20 September 2026
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दुष्यंत चौटाला का BJP पर हमला, 2029 पर बड़ा दावा:यूपी चुनाव में भुगतना पडेगा खामियाजा, छात्र संघ चुनाव और चुनाव आयोग को घेरा

INT News20 September 2026 at 02:41 pm

फरीदाबाद की पृथला विधानसभा में कार्यकर्ताओं को संबोधित करने पहुंचे हरियाणा के पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने बीजेपी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी जिन राज्यों में सत्ता में रही, वहां जाति और धर्म के नाम पर लोगों को बांटने की राजनीति की गई। 2029 में एकतरफा जीत का दावा दुष्यंत चौटाला ने कहा कि उनकी पार्टी के संगठन के खिलाफ बड़े स्तर पर दुष्प्रचार किया गया। अब पार्टी के कार्यकर्ता इसका जवाब देने के लिए मैदान में उतर चुके हैं। उन्होंने कहा कि 2024 में आई कमियों को दूर करने के लिए काम किया जा रहा है। 2029 तक कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर संगठन को मजबूत किया जाएगा। दुष्यंत ने दावा किया कि 2029 में उनकी पार्टी का जो भी उम्मीदवार चुनाव मैदान में उतरेगा, वह एकतरफा जीत दर्ज कर इतिहास रचेगा। मेडिकल कॉलेजों में खाली पदों पर सवाल दुष्यंत चौटाला ने प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार नए मेडिकल कॉलेज बनाने की बात करती है, लेकिन उनमें डॉक्टर, फैकल्टी और दूसरे कर्मचारियों की पर्याप्त संख्या है या नहीं, इस पर भी ध्यान देना चाहिए। उन्होंने दावा किया कि हरियाणा के हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर में करीब दो-तिहाई पद खाली हैं। ऐसे में केवल नए मेडिकल कॉलेज बनाने से स्वास्थ्य व्यवस्था मजबूत नहीं होगी। अस्पतालों में पर्याप्त डॉक्टर और स्टाफ भी होना जरूरी है। छात्र संघ चुनाव नहीं होने पर भी सरकार को घेरा दुष्यंत चौटाला ने हरियाणा के विश्वविद्यालयों में छात्र संघ चुनाव नहीं होने पर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि कोविड के बाद से प्रदेश में छात्र संघ चुनाव दोबारा नहीं कराए गए हैं। उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी चुनाव का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां कई सीटों पर जीत-हार का अंतर बहुत कम रहा। उन्होंने हरियाणा और दूसरे विश्वविद्यालयों में भी छात्र संघ चुनाव बहाल करने की मांग की। चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल उन्होंने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने महाराष्ट्र में शिवसेना और एनसीपी के विवादों तथा पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस से जुड़े संदर्भों का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया कि चुनाव आयोग के फैसलों में राजनीतिक प्रभाव दिखाई देता है। उन्होंने दावा किया कि चुनाव आयोग वही कदम उठाता है, जो भारतीय जनता पार्टी के हित में हों।