समाचार · मध्य प्रदेश
स्कूल शिक्षा ने किए तो बाकी में पेंडेंसी क्यों:851 दिवंगत कर्मचारियों को अनुकम्पा नियुक्ति दे चुका स्कूल शिक्षा विभाग
स्कूल शिक्षा विभाग में दिवंगत शिक्षकों और कर्मचारियों के परिजनों को अनुकम्पा नियुक्ति दिए जाने के मामले में स्कूल शिक्षा विभाग में चार दिन में रिकार्ड बनाया है। एक साथ इतनी अधिक अनुकम्पा नियुक्ति किसी दूसरे और विभाग ने नहीं दी है। चार दिन में विभाग ने 851 अनुकम्पा नियुक्ति के आदेश जारी कर भृत्य और सहायक ग्रेड 3 के पद पर नियुक्ति के आदेश जारी किए हैं। उधर स्कूल शिक्षा विभाग की कार्यवाही के बाद दूसरे विभागों पर भी इसके लिए दबाव बना है और वहां भी इसकी तैयारी की जा रही है। स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा है कि स्कूल शिक्षा विभाग ने अनुकंपा नियुक्ति प्रकरणों के तत्काल निराकरण की दिशा में शनिवार को 251 और नियुक्ति आदेश जारी किए हैं। इसके साथ ही पिछले 4 दिनों में कुल 851 अनुकंपा नियुक्ति आदेश जारी किए जा चुके हैं। यह पहल दिवंगत शिक्षकों एवं कर्मचारियों के आश्रित परिवारों को सम्मानजनक जीवन का आधार और आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। दूसरी ओर आयुक्त लोक शिक्षण अभिषेक सिंह ने कहा कि अभी कुछ और अनुकम्पा नियुक्ति के आदेश जारी हो सकते हैं। बताया जाता है कि आयुक्त सिंह ने अनुकम्पा नियुक्ति देने के लिए संभाग और जिला शिक्षा अधिकारियों से कैम्पेन के तौर पर कार्यवाही कराई और प्रमोशन से रिक्त पदों पर नियुक्ति आदेश जारी कराकर वर्षों से पेंडिंग केस का निराकरण किया है। नगरीय विकास, पंचायत और आदिवासी विकास में भी पेंडेंसी प्रदेश में भारी भरकम अमले वाले विभागों में नगरीय विकास और आवास विभाग, पंचायत और ग्रामीण विकास, उच्च शिक्षा आदिवासी विकास विभाग समेत जल संसाधन और अन्य विभाग हैं। इन विभागों में भी अनुकम्पा नियुक्ति के पेंडिंग मामलों की संख्या अधिक है। अब जबकि स्कूल शिक्षा विभाग ने अभियान चलाकर अनुकम्पा नियुक्ति दी है और मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव इसकी समीक्षा भी करने वाले हैं तो दूसरे विभागों पर भी नियुक्ति के लिए दबाव बना है। साथ ही सवाल भी उठने लगे हैं कि आखिर दूसरे विभागों में क्यों आदेश जारी नहीं किए जा रहे हैं जबकि वहां प्रमोशन की कार्यवाही पहले ही हो चुकी है।