समाचार · मध्य प्रदेश
भिंड में विरोध के बाद हटाया टोल बूथ:एमपीआरडीसी 3 किलोमीटर में दो जगह लगा रही थी टोल, ग्रामीणों की शिकायत पर कार्रवाई
भिण्ड के नेशनल हाईवे-552 पर उमरी कस्बे के पास करीब 3 किलोमीटर की दूरी पर बनाया जा रहा दूसरा टोल बूथ विरोध के बाद मंगलवार को हटा दिया गया। स्थानीय लोगों के विरोध के बाद एमपीआरडीसी और टोल संचालन करने वाली एजेंसी ने बूथ हटाने का फैसला लिया। अब उमरी क्षेत्र में दो जगह टोल वसूली नहीं होगी। दरअसल, उमरी और अकोड़ा के बीच पहले से टोल प्लाजा संचालित है। इसके बाद उमरी कस्बे की दूसरी ओर करीब 3 किलोमीटर दूर दूसरा बूथ बनाया जा रहा था। बूथ का काम तेजी से चल रहा था। इसकी जानकारी मिलने के बाद ग्रामीणों और वाहन चालकों ने विरोध शुरू कर दिया था। कम दूरी पर दो जगह लग रहा था टोल
ग्रामीणों ने कलेक्टर और एसपी को ज्ञापन देकर बूथ हटाने और मामले की जांच की मांग की थी। उमरी सरपंच वीरेंद्र यादव ने भी इसका विरोध किया था। ग्रामीणों का कहना था कि इतनी कम दूरी पर दूसरा टोल बूथ बनने से किसानों और स्थानीय वाहन चालकों पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा। उन्होंने टोल शुरू होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी थी। राजस्व नुकसान का दिया था तर्क एमपीआरडीसी अधिकारियों का कहना था कि लहार की ओर से आने वाले कई वाहन उमरी-अकोड़ा टोल से नहीं गुजरते। ये वाहन कनावर होते हुए सीधे उत्तरप्रदेश की ओर चले जाते हैं। इससे टोल एजेंसी को राजस्व का नुकसान हो रहा था। इसी नुकसान की भरपाई के लिए दूसरा बूथ बनाया जा रहा था। अधिकारियों का कहना था कि एक ही यात्रा में किसी वाहन से दो बार टोल नहीं लिया जाएगा। विरोध के बाद हटाया गया बूथ दूसरे बूथ के निर्माण का मामला सामने आने और ग्रामीणों के विरोध के बाद अब इसे हटा दिया गया है। इससे उमरी क्षेत्र में दो जगह टोल वसूली की योजना पर फिलहाल रोक लग गई है। स्थानीय लोगों ने बूथ हटाए जाने को अपने विरोध की जीत बताया है। मामले को। इस मामले से जुड़ी यह खबर भी पढें.. उमरी में 3 किमी में दूसरा टोल बूथ तैयार भिंड में नेशनल हाईवे-552 पर स्थित उमरी टोल प्लाजा एक बार फिर विवादों में है। उमरी कस्बे के दूसरी ओर करीब तीन किलोमीटर की दूरी पर एमपीआरडीसी द्वारा दूसरा टोल बूथ तैयार कराया जा रहा है। निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। जैसे ही इसकी जानकारी स्थानीय लोगों को मिली, ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया। पूरी खबर पढ़ें…