Friday, 10 July 2026
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Sheikh Hasina: गिरफ्तारी हो या मौत, बांग्लादेश लौटने पर अड़ीं शेख हसीना

INT News10 July 2026 at 05:49 pm

Sheikh Hasina: बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने ऐलान किया है कि वह इस साल दिसंबर महीने के आसपास निर्वासन खत्म कर अपने देश बांग्लादेश लौटने की योजना बना रही हैं. उन्होंने कहा कि उन्हें पता है कि बांग्लादेश लौटने पर उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है या उनकी हत्या भी हो सकती है, लेकिन इसके बावजूद वह अपने देश वापस जाएंगी.

गिरफ्तारी हो या मार दें, फिर भी लौटूंगी अपने देश- शेख हसीना

न्यूज एजेंसी रॉयटर्स को दिए इंटरव्यू में शेख हसीना ने कहा कि अगस्त 2024 में छात्र-नेतृत्व वाले आंदोलन के बाद उन्हें भारत आना पड़ा था. उन्होंने कहा कि बांग्लादेश लौटने के बाद वह अदालत के सामने आत्मसमर्पण करेंगी. उन्होंने कहा- वे मुझे लौटने पर गिरफ्तार कर सकते हैं, वे मुझे मार भी सकते हैं. फिर भी, मुझे जाना ही होगा. हसीना ने यह भी साफ किया कि उनकी प्रस्तावित वापसी को लेकर ढाका की मौजूदा अंतरिम सरकार के साथ कोई बातचीत नहीं हुई है.

पार्टी नेताओं पर कार्रवाई को लेकर जताई चिंता

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा कि उनके दल अवामी लीग के नेताओं और कार्यकर्ताओं पर लगातार कार्रवाई हो रही है. उन्होंने कहा कि अगर उनकी मौत भी होती है तो वह अपने देश की धरती पर ही हो, जहां उनके माता-पिता दफन हैं. उन्होंने कहा- मेरी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं पर भीषण जुल्म हो रहा है. अगर मौत आती है, तो मैं चाहती हूं कि वह मेरी अपनी धरती पर आए, जहां मेरे माता-पिता दफन हैं और जहां उनका खून बहा था.

मानवता के खिलाफ अपराध मामले में मिली मौत की सजा

शेख हसीना का यह बयान ऐसे समय आया है जब बांग्लादेश के अंतर्राष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण ने उन्हें मानवता के खिलाफ अपराधों का दोषी ठहराते हुए मौत की सजा सुनाई है. यह मामला 2024 में छात्र-नेतृत्व वाले प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा और प्रदर्शनकारियों की मौत से जुड़ा है. न्यायाधिकरण का कहना है कि हसीना प्रदर्शनकारियों की मौत रोकने के लिए जरूरी कदम उठाने में विफल रहीं और इसी आधार पर उन्हें दोषी ठहराया गया.

पूर्व गृह मंत्री को भी मौत की सजा

इसी मामले में बांग्लादेश के पूर्व गृह मंत्री असदुज्जमान खान कमाल को भी मौत की सजा सुनाई गई है. वहीं पूर्व पुलिस महानिरीक्षक चौधरी अब्दुल्ला अल-मामून को पांच साल की जेल की सजा दी गई है. इसके अलावा न्यायाधिकरण ने सरकार को शेख हसीना और असदुज्जमान खान कमाल की संपत्तियां जब्त करने का भी निर्देश दिया है.

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