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राम मंदिर ट्रस्ट के CEO पद के लिए पूर्व IG अमिताभ ठाकुर ने किया आवेदन, 30 साल के प्रशासनिक अनुभव का दिया हवाला

Ayodhya Ram Mandir: श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) पद के लिए चल रही भर्ती प्रक्रिया के बीच पूर्व आईपीएस अधिकारी और पूर्व आईजी रैंक के अधिकारी अमिताभ ठाकुर ने अपनी दावेदारी पेश की है. वर्तमान में आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर ने ट्रस्ट को आवेदन भेजकर चयन प्रक्रिया में शामिल किए जाने का अनुरोध किया है. उन्होंने अपने आवेदन में करीब 30 वर्षों के प्रशासनिक, सुरक्षा, सतर्कता और कार्मिक प्रबंधन के अनुभव का उल्लेख किया है. ट्रस्ट ने इस पद के लिए 18 जुलाई तक आवेदन आमंत्रित किए हैं.
तीन दशक के अनुभव का किया जिक्र
अमिताभ ठाकुर ने अपने आवेदन में कहा है कि उन्होंने भारतीय पुलिस सेवा और लोक प्रशासन के क्षेत्र में करीब तीन दशक तक कार्य किया है. इस दौरान उन्हें सुरक्षा प्रबंधन, विजिलेंस, विधिक एवं प्रशासनिक मामलों, मानव संसाधन प्रबंधन तथा संस्थागत समन्वय का व्यापक अनुभव प्राप्त हुआ. उन्होंने ट्रस्ट को भेजे गए आवेदन में अपनी प्रशासनिक पृष्ठभूमि और कार्य अनुभव को CEO पद के लिए उपयुक्त बताया है.
श्रीराम के आदर्शों के प्रति जताई आस्था
आवेदन में अमिताभ ठाकुर ने खुद को हिंदू सामाजिक-सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़ा बताते हुए भारतीय धार्मिक और दार्शनिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का जिक्र किया है. उन्होंने भगवान श्रीराम के मर्यादा, न्याय, कर्तव्यनिष्ठा और लोककल्याण के आदर्शों के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए कहा कि इन मूल्यों को प्रशासनिक कार्यशैली में भी अपनाया जाना चाहिए.
चयन प्रक्रिया में शामिल करने का अनुरोध
पूर्व आईजी ने ट्रस्ट से आग्रह किया है कि उनके प्रशासनिक अनुभव, योग्यता और पारदर्शिता के क्षेत्र में किए गए कार्यों को ध्यान में रखते हुए उनकी अभ्यर्थिता पर विचार किया जाए. उन्होंने CEO पद के चयन के लिए निर्धारित प्रक्रिया में शामिल किए जाने की मांग की है.
18 जुलाई तक मांगे गए हैं आवेदन
श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने CEO पद के लिए 18 जुलाई तक आवेदन आमंत्रित किए हैं. निर्धारित अवधि पूरी होने के बाद तीन सदस्यीय समिति सभी आवेदनों की जांच करेगी. इसके बाद योग्य अभ्यर्थियों की शॉर्टलिस्ट तैयार कर उन्हें साक्षात्कार के लिए बुलाया जा सकता है.
तीन वर्ष के कार्यकाल के लिए होगी नियुक्ति
ट्रस्ट की ओर से जारी विज्ञापन के अनुसार CEO की नियुक्ति तीन वर्ष के कार्यकाल के लिए की जाएगी. चयनित अधिकारी ट्रस्ट के प्रशासनिक संचालन, विभिन्न परियोजनाओं के समन्वय, वित्तीय प्रबंधन और संस्थागत व्यवस्थाओं की निगरानी का दायित्व संभालेंगे.
चढ़ावा प्रकरण के बाद बढ़ी पद की अहमियत
राम मंदिर में चढ़ावे से जुड़ी कथित अनियमितताओं के मामले के बाद ट्रस्ट प्रशासनिक व्यवस्थाओं को मजबूत करने की दिशा में लगातार कदम उठा रहा है. हाल के महीनों में कार्यकारी महासचिव की नियुक्ति, बैंक खातों के संचालन के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन और CEO पद का सृजन जैसे फैसले लिए गए हैं. ऐसे में इस पद पर होने वाली नियुक्ति को ट्रस्ट की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता, जवाबदेही और पेशेवर प्रबंधन को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
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