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खरगोन में स्कूल मर्ज करने का विरोध, बच्चे कलेक्ट्रेट पहुंचे:तीन सड़क पार कर दूसरी जगह जाना पड़ेगा, पेरेंट्स ने की शिकायत
खरगोन बालियापुरा प्राथमिक स्कूल को डेढ़ किलोमीटर दूर सैलानी स्कूल में मर्ज करने के विरोध में मंगलवार को बच्चे और उनके पालक कलेक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने जनसुनवाई में शिकायत दर्ज कराई और गांव में ही स्कूल का संचालन जारी रखने की मांग की। पालकों ने बताया कि बच्चों को स्कूल जाने के लिए खलघाट पाल नेशनल हाईवे 347सी सहित तीन सड़कें पार करनी पड़ती हैं। उनका कहना है कि छोटे बच्चों के लिए यह रास्ता जोखिम भरा है। इससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है। पिछले साल 11 बच्चे, इस साल संख्या बढ़कर 20 हुई कसरावद तहसील के इस प्राथमिक स्कूल में पिछले साल 11 बच्चे दर्ज थे। छात्रों की कम संख्या के कारण शिक्षा विभाग ने स्कूल को सैलानी स्कूल में मर्ज करने का निर्णय लिया था। पालक लालसिंह राठौर और अन्य पालकों ने बताया कि यह स्कूल करीब 40 साल से गांव में संचालित हो रहा था। यहां ज्यादातर किसान और मजदूर परिवारों के बच्चे पढ़ते हैं। उन्होंने बताया कि इस साल स्कूल में दर्ज बच्चों की संख्या बढ़कर 20 हो गई है। पालकों ने कहा कि बालियापुरा के प्राथमिक स्कूल को फिर से शुरू किया जाना चाहिए, ताकि बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो। कलेक्ट्रेट में अधिकारियों ने मर्ज प्रस्ताव की जानकारी ली और उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। तीन स्कूलों के प्रस्ताव शासन को भेजे कसरावद ब्लॉक शिक्षा अधिकारी वीएस निगवाल ने बताया कि शिक्षा पोर्टल पर दो साल से कम एनरोलमेंट के कारण स्कूल को मर्ज किया गया है। पालकों और जनप्रतिनिधियों ने समस्या से अवगत कराया है। उन्होंने बताया कि ब्लॉक से कुल तीन स्कूलों के प्रस्ताव शासन स्तर पर भेजे गए हैं। शासन से निर्देश मिलने के बाद स्कूल संचालन की कार्रवाई शुरू कर दी जाएगी।