समाचार · छत्तीसगढ़
22.50 करोड़ की सड़क, एंट्री-एग्जिट नहीं:बेलतरा विधायक ने जांच की मांग की, डिप्टी सीएम भी उठा चुके सवाल
बिलासपुर में अरपा नदी के किनारे कोनी स्थित संभागीय कमिश्नर कार्यालय के पीछे 22.50 करोड़ रुपए की लागत से 1900 मीटर लंबी और 35 फुट चौड़ी सड़क का निर्माण अधिकारियों के लिए परेशानी का सबब बन गया है। इस सड़क में एंट्री और एग्जिट न होने के कारण इसकी उपयोगिता पर सवाल उठ रहे हैं। उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने हाल ही में अपने निरीक्षण दौरे के दौरान इस सड़क की उपयोगिता पर सवाल उठाए थे। इसके बाद बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला ने इस मामले की जांच की मांग की है। विधायक शुक्ला ने एक बयान में कहा कि जनता के पैसे का उपयोग जनहितैषी योजनाओं और सुविधाएं उपलब्ध कराने पर होना चाहिए। उन्होंने इस कथित निर्माण को 'भ्रष्टाचार का जीवंत स्मारक' बताया। उन्होंने आगे कहा कि इस सड़क की योजना और निर्माण से जुड़े सभी पहलुओं की जांच होनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। नगर निगम कमिश्नर और स्मार्ट सिटी के एमडी प्रकाश कुमार सर्वे ने बताया कि कोनी और मंगला में एसटीपी निर्माण के अतिरिक्त 22.50 करोड़ रुपए की लागत से यह सड़क बनाई जा रही है। उन्होंने स्वीकार किया कि कोनी में निर्माणाधीन इस सड़क का कोई एग्जिट नहीं है। एमडी सर्वे के अनुसार, यह सड़क पूर्व प्रस्तावित है, लेकिन अब धूरीपारा रोड में इसका एग्जिट बनाने का प्रस्ताव किया जा सकता है। भविष्य में इसे पीडब्ल्यूडी के प्रस्तावित फ्लाईओवर प्रोजेक्ट से भी जोड़ने पर विचार किया जा रहा है।