Tuesday, 11 August 2026
INTइंडियन न्यूज़ ट्रस्टजहाँ सत्य मिले विश्वास से
ताज़ा खबरें

समाचार · पंजाब

वित्त मंत्री के 'एंटी स्टेट' बयान पर कर्मचारी बिफरे:बरनाला में तिरंगा लहराकर जताया कड़ा विरोध, माफी के लिए 24 घंटे की मोहलत

INT News11 August 2026 at 05:32 pm

पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा द्वारा कर्मचारी यूनियनों को कथित तौर पर 'एंटी स्टेट' (राज्य विरोधी) कहे जाने का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। इस बयान से नाराज दफ्तरी कर्मचारियों में भारी रोष है। पंजाब स्टेट मिनिस्ट्रियल सर्विसेज यूनियन (PSMSU) के प्रांतीय आह्वान पर आज बरनाला के डीएसी कॉम्प्लेक्स (DAC Complex) परिसर में दर्जनों विभागों के कर्मचारियों ने एकत्रित होकर एक बेहद अनोखा और आक्रामक प्रदर्शन किया। वित्त मंत्री के बयान का जवाब देने के लिए कर्मचारियों ने प्रदर्शन के दौरान अपने हाथों में राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा लहराया। परिसर 'वंदे मातरम', 'भारत माता की जय' और 'इंकलाब जिंदाबाद' के गगनभेदी नारों से गूंज उठा। कर्मचारियों ने इस अनूठे प्रदर्शन के जरिए सरकार को अपनी राष्ट्रभक्ति का अहसास कराया और जता दिया कि वे देश विरोधी नहीं हैं। "आंदोलनों से निकले नेता आज भूल गए मर्यादा" प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे यूनियन के जिलाध्यक्ष व प्रांतीय सचिव तरसेम भट्ठल, महासचिव रविंदर शर्मा और अतिरिक्त महासचिव निर्मलजीत सिंह चाने ने संयुक्त रूप से वित्त मंत्री पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि बीती 7 अगस्त को चंडीगढ़ में हुई महारैली और कर्मचारियों की अभूतपूर्व एकजुटता को देखकर वित्त मंत्री बौखला गए हैं और उन्होंने अपनी राजनीतिक मर्यादा लांघ दी है। जो नेता खुद आंदोलनों के रास्ते सत्ता तक पहुंचे हैं, वे आज अपने हक मांग रहे सरकारी कर्मचारियों को देश विरोधी बता रहे हैं। सरकारी तंत्र की रीढ़ माने जाने वाले कर्मचारी अपनी देशभक्ति पर ऐसा लांछन किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे।" 12 अगस्त की शाम तक माफी न मांगने पर पुतला फूंकने की चेतावनी यूनियन ने पंजाब सरकार के खिलाफ आर-पार की लड़ाई का एलान करते हुए आखिरी चेतावनी (अल्टीमेटम) जारी की है। कर्मचारी नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने 12 अगस्त (बुधवार) की शाम 6:00 बजे तक अपने इस विवादित बयान पर लिखित या सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगी, तो 13 अगस्त को पूरे पंजाब समेत बरनाला जिला स्तर पर भी वित्त मंत्री के पुतले फूंके जाएंगे और इस संघर्ष को और उग्र किया जाएगा। इस बड़े रोष प्रदर्शन के दौरान गुरविंदर सिंह, आंशू गुप्ता, कमलजीत सिंह शाद, वरिंदरजीत सिंह, सुखजीत सिंह संधू, जगसीर सिंह राणू, बलविंदर सिंह और कुलविंदर कौर सहित विभिन्न विभागों के सैकड़ों पुरुष और महिला कर्मचारी मौजूद रहे।