Saturday, 1 August 2026
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परासिया कफ सिरप कांड में आरोपी ज्योति सोनी रिहा:3 नवंबर को हुई थी गिरफ्तारी, 31 जुलाई को कोर्ट ने दी जमानत

INT News1 August 2026 at 07:48 am

छिंदवाड़ा जिले के परासिया में जहरीले ColdRif (कोल्ड्रिफ) कफ सिरप से मासूम बच्चों की मौत के चर्चित मामले में मुख्य आरोपियों में शामिल 'अपना मेडिकल स्टोर' की प्रोपराइटर ज्योति सोनी को 271 दिन बाद जमानत मिल गई है। शुक्रवार, 31 जुलाई 2026 को न्यायालय ने उनकी जमानत मंजूर कर ली, जिसके बाद उन्हें जेल से रिहा कर दिया गया। यह मामला वर्ष 2025 में कई बच्चों की मौत के बाद पूरे मध्य प्रदेश में चर्चा का विषय बना था। घटना के बाद शासन ने विशेष जांच दल (SIT) गठित कर मामले की विस्तृत जांच कराई थी। 3 नवंबर 2025 को हुई थी गिरफ्तारी एसआईटी ने 3 नवंबर 2025 को ज्योति सोनी को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी से पहले वह लंबे समय तक फरार थीं। जांच टीम ने लगातार दबिश देकर उन्हें हिरासत में लिया और बाद में न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया था। करीब 271 दिनों तक जेल में रहने के बाद अब अदालत ने उन्हें जमानत दे दी है। क्या हैं आरोप? जांच एजेंसी के अनुसार, ज्योति सोनी पर अपने मेडिकल स्टोर के माध्यम से प्रतिबंधित और कथित रूप से जहरीली कफ सिरप की बिक्री करने के आरोप लगाए गए थे। इसके अलावा उन पर जांच के दौरान साक्ष्यों को प्रभावित करने और मामले से जुड़े तथ्यों में हस्तक्षेप करने के भी आरोप हैं। इस मामले में उनके पति डॉ. प्रवीण सोनी सहित अन्य आरोपियों के खिलाफ भी कार्रवाई की गई थी। बच्चों की मौत के बाद बना था एसआईटी परासिया में जहरीली कफ सिरप पीने के बाद कई मासूम बच्चों की मौत हुई थी। घटना ने प्रदेशभर में स्वास्थ्य व्यवस्था और दवा वितरण प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य सरकार ने एसआईटी का गठन कर जांच के आदेश दिए थे। जांच के दौरान दवा की खरीद-बिक्री, सप्लाई चेन, मेडिकल स्टोरों की भूमिका और संबंधित दस्तावेजों की गहन पड़ताल की गई थी। कानूनी प्रक्रिया रहेगी जारी अदालत से जमानत मिलने के बावजूद मामले की सुनवाई जारी रहेगी। जमानत का अर्थ आरोपों से बरी होना नहीं है। अब आगामी सुनवाई के दौरान अदालत में अभियोजन और बचाव पक्ष अपने-अपने साक्ष्य और तर्क प्रस्तुत करेंगे, जिसके आधार पर मामले का अंतिम निर्णय होगा।