समाचार · मध्य प्रदेश
उमरिया में मनाया विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस:गांधी चौक पर मृतकों को दी श्रद्धांजलि; नागरिकों ने देश की एकता-अखंडता की शपथ ली
उमरिया जिला मुख्यालय स्थित गांधी चौक पर स्वतंत्रता दिवस से पहले को 'विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस' का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों ने बड़ी संख्या में उपस्थित होकर 1947 के भारत-पाकिस्तान विभाजन की हिंसा और त्रासदी में जान गंवाने वाले लोगों को मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की। विभाजन के दौरान हुए विस्थापन और हिंसा की पीड़ा को किया याद कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने विभाजन के उस भयावह दौर को याद किया जब लाखों लोगों को अपने घर-बार और कारोबार को छोड़कर विस्थापित होना पड़ा था। वक्ताओं ने कहा कि इस ऐतिहासिक त्रासदी ने लाखों परिवारों को अपनों से बिछड़ने और असीम मानसिक व सामाजिक आघात सहने पर मजबूर कर दिया था। इतिहास से सीख लेकर सामाजिक सद्भाव बनाए रखने का उद्देश्य वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि 'विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस' का मुख्य ध्येय किसी के प्रति वैमनस्य बढ़ाना नहीं, बल्कि उस दौर के संघर्ष और बलिदान से आने वाली पीढ़ियों को अवगत कराना है। इतिहास का स्मरण समाज को भविष्य में ऐसी परिस्थितियों से बचाए रखने की सीख देता है। अखंडता और भाईचारे का लिया गया संकल्प गांधी चौक पर एकत्र हुए सभी नागरिकों ने भारत की विविधता को अक्षुण्ण रखने, देश की एकता-अखंडता की रक्षा करने और सामाजिक सौहार्द को मजबूत बनाने का संकल्प लिया। आजादी की खुशी के साथ विभाजन की पीड़ा को नमन करते हुए नागरिकों से आपसी भाईचारा बनाए रखने की अपील की गई।