समाचार · मध्य प्रदेश
बैतूल में अंबा माई मंदिर की नई समिति बनी:ग्रामसभा ने जिम्मेदारी सौंपी, अब स्थानीय लोग संभालेंगे व्यवस्था
बैतूल के आठनेर जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत मानी के वन ग्राम पाट स्थित छोटी अंबा माई और गुफा वाली बड़ी अंबा माई मंदिर की व्यवस्था अब नई समिति संभालेगी। ग्रामसभा ने अंबा माई संस्थान प्रबंधन समिति का गठन किया है। इसमें वन ग्राम पाट के स्थायी निवासियों को शामिल किया गया है। ग्रामसभा का कोरम पूरा होने के बाद समिति बनाने का फैसला लिया गया। दोनों पूजा स्थलों से जुड़ा सामुदायिक वन अधिकार का पट्टा वन ग्राम पाट की ग्रामसभा को मिला है। इसी आधार पर मंदिरों की व्यवस्था में स्थानीय लोगों की भागीदारी को प्राथमिकता दी गई है। शिकायतों के बाद नई व्यवस्था अंबा माई मंदिर की व्यवस्थाओं को लेकर पहले कलेक्टर के पास शिकायतें भी पहुंची थीं। स्थानीय लोगों और समिति के बीच व्यवस्थाओं को लेकर मतभेद की बात सामने आती रही है। चंदे और आय-व्यय में पारदर्शिता को लेकर भी शिकायतें हुई थीं। इसके बाद ग्रामसभा ने दोनों मंदिरों की जिम्मेदारी एक ही समिति को सौंपने का फैसला लिया है। समिति मंदिरों की व्यवस्था, श्रद्धालुओं की सुविधाओं और विकास कार्यों को देखेगी। अशोक उईके अध्यक्ष, नवीन उईके सचिव 20 सदस्यीय समिति में अशोक उईके को अध्यक्ष, अशोक धर्म सिंह को उपाध्यक्ष, नवीन उईके को सचिव और प्रकाश वरकडे को कोषाध्यक्ष बनाया गया है। समिति में सिर्फ वन ग्राम पाट के स्थायी निवासियों को शामिल किया गया है। ग्रामसभा के इस फैसले के बाद ग्रामीणों को उम्मीद है कि दोनों मंदिरों की व्यवस्थाओं में बेहतर तालमेल रहेगा और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के साथ आय-व्यय में भी पारदर्शिता रखी जाएगी।