Tuesday, 7 July 2026
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किसान लोट लगाते नीमच कलेक्ट्रेट पहुंचा:बोला- सगे भाई ने जमीन पर कब्जा किया, पटवारी 1 लाख रिश्वत मांग रहा

INT News7 July 2026 at 07:39 pm

नीमच कलेक्ट्रेट कार्यालय में बुजुर्ग किसान अपनी कृषि भूमि पर अवैध कब्जे और पटवारी के रिश्वत मांगे जाने से परेशान होकर लोट लगाते हुए जनसुनवाई में पहुंचा। बुजुर्ग सिंगोली तहसील के ग्राम झातला का रहने वाला है। किसान को कलेक्ट्रेट परिसर की जमीन पर इस तरह तड़पते और लोट लगाते देख वहां मौजूद डिप्टी कलेक्टर चंद्र सिंह धारवे और तहसीलदार संतोष कुमार तुरंत दौड़कर मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने किसान को जमीन से उठाया, उन्हें ढांढस बंधाया और हाथ पकड़कर अपने दफ्तर के अंदर ले गए। अधिकारियों ने पीड़ित किसान को भरोसा दिलाया कि उनके मामले की पूरी तरह निष्पक्ष जांच की जाएगी और उनकी समस्या का जल्द से जल्द हल निकाला जाएगा। सगे भाई ने किया कब्जा, पटवारी पर ₹1 लाख की रिश्वत का आरोप बुजुर्ग किसान ने रोते हुए अपनी आपबीती सुनाई कि उसकी पैतृक खेती की जमीन पर उसके सगे भाई ने अवैध रूप से कब्जा कर रखा है। पीड़ित के मुताबिक, वह पिछले तीन साल से अपनी ही जमीन वापस पाने के लिए अलग-अलग सरकारी दफ्तरों की चौखट खटखटा रहा है, लेकिन आज तक उसकी कहीं कोई सुनवाई नहीं हुई। किसान ने हल्का पटवारी पर आरोप लगाते हुए कहा कि पटवारी उसके विपक्षी भाई का साथ दे रहा है। बुजुर्ग का आरोप है कि पटवारी ने जमीन वापस दिलाने और उसके नाम पर दर्ज करने के बदले ₹1 लाख से अधिक की रिश्वत मांगी है। गरीब किसान इतनी बड़ी रकम देने में पूरी तरह असमर्थ है। तीन साल की भटकन के बाद उठाया यह कदम पीड़ित किसान ने बताया कि वह पिछले 3 सालों से लगातार सिंगोली तहसील से लेकर जिला मुख्यालय तक न्याय के लिए भटक-भटक कर थक चुका है। हर बार उसे सिर्फ खोखले आश्वासन ही मिले और जमीन पर भाई का कब्जा बरकरार रहा। इसी लाचारी और प्रशासनिक ढर्रे से तंग आकर आखिरकार उसे प्रशासन का ध्यान खींचने के लिए कलेक्ट्रेट में जमीन पर लोट लगाने जैसा कदम उठाना पड़ा। अधिकारियों ने पटवारी पर लगे रिश्वत के आरोपों और जमीन के इस पूरे विवाद की जांच के लिए एक विशेष टीम बनाने की बात कही है। उन्होंने किसान को आश्वासन दिया है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी और बुजुर्ग किसान को उसकी जमीन का हक हर हाल में दिलाया जाएगा।