समाचार · छत्तीसगढ़
चिंगरापगार में पर्यटकों और समिति के लोगों के बीच विवाद:युवकों पर जबरन एंट्री-मारपीट की, भाजपा नेता बताकर दबाव बनाया;ग्रामीणों ने वाहन में की तोड़फोड़
छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल चिंगरापगार में रविवार को पार्किंग और एंट्री को लेकर विवाद हो गया। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो गई। घटना के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने युवकों की गाड़ी में तोड़फोड़ कर दी। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कुछ युवक खुद को भाजपा नेता बताते हुए पुलिस से बहस करते दिखाई दे रहे हैं। आरोप है कि युवक खुद को भाजपा से जुड़ा बताते हुए पार्टी का नाम लेकर ग्रामीणों और पुलिस पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे थे। इस मामले में पुलिस ने 5 युवकों को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है। घटना गरियाबंद थाना क्षेत्र की है। देखिए पहले ये तस्वीरें- दोपहर के बाद जबरन अंदर जाने की कोशिश जानकारी के अनुसार, रविवार दोपहर 3 बजे के बाद पर्यटकों का प्रवेश बंद हो जाता है। इसके बावजूद दुर्ग से आए कुछ युवक जबरन अंदर जाने की कोशिश कर रहे थे। वहां व्यवस्था संभाल रही स्थानीय समिति के सदस्यों ने उन्हें रोका, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच बहस शुरू हो गई। बहस के बाद हुई मारपीट प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कुछ ही देर में बहस मारपीट में बदल गई। आरोप है कि बाहरी युवकों ने समिति के सदस्यों के साथ मारपीट की। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें कुछ युवक खुद को भाजपा नेता बताते हुए पुलिस से बहस करते दिखाई दे रहे हैं। ग्रामीणों ने वाहन में की तोड़फोड़ मारपीट की घटना के बाद स्थानीय ग्रामीण नाराज हो गए। गुस्साए लोगों ने युवकों के वाहन में तोड़फोड़ कर दी। मौके पर कुछ समय के लिए तनाव का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही गरियाबंद पुलिस मौके पर पहुंची। ग्रामीणों का आरोप है कि कुछ युवक पुलिसकर्मियों से भी बहस करने लगे। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने पांचों युवकों को हिरासत में लेकर गरियाबंद थाने पहुंचाया। विवाद में शामिल एक वाहन भी जब्त किया गया है। देर शाम तक थाने में जुटे रहे ग्रामीण घटना की जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण गरियाबंद थाने पहुंच गए। देर शाम तक वहां तनावपूर्ण माहौल बना रहा। फिलहाल, पुलिस पूरे मामले की जांच कर आगे की कार्रवाई कर रही है। नशे में होने और राजनीतिक नाम लेने का आरोप ग्रामीणों का आरोप है कि विवाद करने वाले युवक नशे की हालत में थे। उनका यह भी कहना है कि युवक खुद को भाजपा से जुड़ा बताते हुए पार्टी का नाम लेकर ग्रामीणों और पुलिस पर दबाव बनाने की कोशिश कर रहे थे। हालांकि, पुलिस ने अभी इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।