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फरियादी शिकायत कार्डों की माला पहन जनसुनवाई पहुंचा:बोला- 4 साल से चक्कर लगा रहा, सरकारी रास्ते पर कब्जे से आवाजाही में परेशानी
आगर मालवा में मंगलवार को कलेक्टर डॉ. शेर सिंह मीणा की जनसुनवाई में सरकारी व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए। सोयतकलां निवासी राधेश्याम माली अपनी शिकायतों के निराकरण कार्डों की माला पहनकर जनसुनवाई में पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्षों से शिकायतें देने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ है। राधेश्याम माली के अनुसार, वह पिछले 4 से 5 वर्षों से लगातार अपनी शिकायतें लेकर जनसुनवाई में आ रहे हैं। उनकी मुख्य शिकायत सोयतकलां में सरकारी रास्ते पर अतिक्रमण को लेकर है, जिससे आवागमन बाधित हो रहा है। उन्होंने नाले के आसपास भी अतिक्रमण होने का आरोप लगाया है। सीएम हेल्पलाइन पर 8 बार की शिकायत माली ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में सीएम हेल्पलाइन पर भी 8 से अधिक बार शिकायतें दर्ज कराई हैं। हालांकि, हर बार शिकायत के निराकरण का दावा किया गया, लेकिन जमीनी स्तर पर स्थिति में कोई बदलाव नहीं आया। उनका कहना है कि यदि शिकायतकर्ता को बार-बार एक ही समस्या के लिए जनसुनवाई में आना पड़े, तो यह सरकारी व्यवस्था की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाता है। राधेश्याम के मुताबिक, उन्हें हर शिकायत के बाद निराकरण से संबंधित कार्ड तो मिलते रहे, लेकिन उनकी मूल समस्या का स्थायी समाधान आज तक नहीं हो पाया है। उन्होंने प्रशासन से आम और शासकीय रास्ते से अतिक्रमण हटाने, नाले के आसपास की स्थिति की जांच करने और जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। राधेश्याम माली ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी समस्या का जल्द स्थायी समाधान नहीं किया गया, तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। इस घटना के बाद यह सवाल उठ रहा है कि क्या शिकायतों का निराकरण केवल कागजों तक सीमित है या वास्तव में जमीनी स्तर पर भी कार्रवाई होती है। जनसुनवाई में सामने आए इस मामले के बाद प्रशासन संबंधित शिकायतों की वास्तविक स्थिति की जांच कर ठोस समाधान कराता है या नहीं, इस पर सभी की नजर रहेगी।