Monday, 31 August 2026
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तिघरा का जलस्तर 732 फीट करने की तैयारी:अपर ककैटो से ककैटो के लिए छोड़ा पानी; अभी 728 फीट पानी, पेहसारी से शिफ्टिंग की रफ्तार बढ़ेगी

INT News31 August 2026 at 11:47 am

ग्वालियर के तिघरा बांध में पानी बढ़ाने के लिए जल संसाधन विभाग ने तैयारी तेज कर दी है। सोमवार सुबह अपर ककैटो बांध से ककैटो बांध के लिए पानी छोड़ा गया। ककैटो में पानी का स्तर बढ़ने के बाद पेहसारी बांध से तिघरा में पानी भेजने की रफ्तार बढ़ाई जाएगी। विभाग का लक्ष्य तिघरा का पानी का स्तर 728 फीट से बढ़ाकर 732 फीट या उससे ऊपर करना है, ताकि शहर की पानी की जरूरत लंबे समय तक पूरी हो सके। ककैटो में पानी बढ़ने का इंतजार अपर ककैटो से पानी छोड़े जाने के बाद अब ककैटो बांध में पानी का स्तर बढ़ने का इंतजार है। इसके बाद पेहसारी बांध से तिघरा की ओर पानी भेजने की रफ्तार बढ़ाई जाएगी। पेहसारी से तिघरा में पानी भेजने की प्रक्रिया 21 अगस्त से शुरू की गई थी। हालांकि, बांधों में जमा पानी और बारिश की स्थिति को देखते हुए अब तक पानी भेजने की रफ्तार धीमी रखी गई थी। तिघरा में 728 फीट पानी, 732 फीट लक्ष्य तिघरा बांध में अभी करीब 728 फीट पानी है। जल संसाधन विभाग के अनुसार बांध में 732 फीट या उससे ज्यादा पानी होने पर शहर की पानी की सप्लाई के लिए स्थिति बेहतर रहती है। बारिश के बाद बांध में पानी आने की मात्रा कम हुई तो अगले साल गर्मियों में पानी की कमी हो सकती है। इसी को देखते हुए विभाग आसपास के बांधों से पानी तिघरा तक पहुंचाने की तैयारी कर रहा है। पिछली योजना से बच सकता था 3 महीने का पानी जल संसाधन विभाग ने करीब तीन साल पहले तिघरा से शहर में पानी की सप्लाई का प्लान बनाया था। इसमें सर्दियों में पानी की जरूरत कम होने पर तिघरा से एक दिन छोड़कर पानी सप्लाई करने की योजना थी। इससे बचा हुआ पानी गर्मियों में नियमित सप्लाई के लिए इस्तेमाल किया जाना था। बताया गया कि अगर पिछले साल इस प्लान पर अमल किया जाता तो करीब तीन महीने का पानी बचाया जा सकता था। बारिश में पानी शिफ्ट करने से नुकसान कम इस बार विभाग ने बारिश के दौरान ही तिघरा में पानी शिफ्ट करने की योजना बनाई है। बारिश में जमीन गीली रहने और धूप कम निकलने से पानी शिफ्ट करने के दौरान नुकसान कम होने की उम्मीद है। विभाग की कोशिश है कि उपलब्ध पानी का ज्यादा से ज्यादा हिस्सा तिघरा तक पहुंचाया जाए, ताकि अगले साल गर्मियों में शहर की पानी की जरूरत पूरी करने के लिए पर्याप्त पानी रहे।