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छतरपुर में घर में घुसकर परिवार पर हमला::पति-पत्नी और बेटे से लाठी-डंडों से मारपीट, तीनों घायल; SC/ST एक्ट में केस
छतरपुर के गढ़ीमलहरा थाना क्षेत्र के बड़ा गणेशपुरा (नई बस्ती) में पुरानी रंजिश को लेकर एक परिवार पर घर में घुसकर हमला करने का मामला सामने आया है। आरोप है कि तीन लोग लाठी-डंडे लेकर घर में घुसे और पति-पत्नी व उनके बेटे के साथ मारपीट की। घटना में तीनों घायल हो गए। शिकायत के आधार पर पुलिस ने विभिन्न धाराओं के साथ एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पहले बेटे से मारपीट की सूचना मिली थी बड़ा गणेशपुरा निवासी शंभू अहिरवार (40) ने पुलिस को बताया कि 7 अगस्त की रात करीब 11 बजे उन्हें जानकारी मिली कि गांव के हरेंद्र यादव और दीपू यादव उनके बेटे ब्रजेंद्र अहिरवार के साथ सरकारी स्कूल के पास मारपीट कर रहे हैं। शंभू मौके पर पहुंचे और बेटे को घर ले आए। शंभू के अनुसार, 8 अगस्त की दोपहर करीब 1:30 बजे दीपू यादव, हरेंद्र यादव और उसका भाई जितेंद्र अहिरवार लाठी-डंडे लेकर उनके घर पहुंचे। आरोप है कि तीनों गाली-गलौज करते हुए घर में घुस गए। शंभू ने इसका विरोध किया तो आरोप है कि दीपू यादव ने उनके सिर पर डंडे से हमला कर दिया। शोर सुनकर शंभू की पत्नी विमला बाई और बेटा ब्रजेंद्र बीच-बचाव करने पहुंचे। आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट की। हमले में शंभू के सिर और पीठ पर चोट आई। विमला बाई के बाएं हाथ और कलाई पर चोट लगी। वहीं ब्रजेंद्र के बाएं हाथ की कोहनी और जांघ में चोट आई है। जान से मारने की धमकी देने का आरोप पीड़ित परिवार के अनुसार, मारपीट के दौरान चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर जुटने लगे। इसके बाद आरोपी कथित तौर पर जान से मारने की धमकी देकर वहां से भाग गए। घटना के बाद परिवार ने गढ़ीमलहरा थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला पुलिस ने शंभू अहिरवार की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ BNS की धारा 296(b), 115(2), 351(3), 3(5) और एससी/एसटी अधिनियम की धारा 3(1)(c), 3(1)(r), 3(1)(s), 3(2)(va) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस ने प्रकरण को जांच में लिया है। फरियादी का आरोप- कुछ अन्य लोगों पर कार्रवाई नहीं हुई फरियादी का आरोप है कि घटना में कुछ अन्य लोग भी शामिल थे, लेकिन उनके खिलाफ अभी कार्रवाई नहीं हुई है। पीड़ित परिवार ने पुलिस से निष्पक्ष जांच कर घटना में शामिल सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। बंदूक के प्रदर्शन का वीडियो वायरल हुआ था मामले से जुड़े एक अन्य पहलू में बताया गया है कि पहले लाइसेंसी बंदूक के प्रदर्शन से संबंधित एक वीडियो वायरल हुआ था। इस मामले में गढ़ीमलहरा थाना पुलिस की कार्रवाई के बाद प्रकाश चंद का शस्त्र लाइसेंस निरस्त किया जा चुका है। हालांकि, पुराने मामले और वर्तमान मारपीट की घटना के बीच संबंध की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।