Wednesday, 19 August 2026
INTइंडियन न्यूज़ ट्रस्टजहाँ सत्य मिले विश्वास से
ताज़ा खबरें

national

अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने कहा- जम्मू-कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा, ट्रैवल एडवाइजरी की करेंगे समीक्षा

INT News19 August 2026 at 09:42 pm

US envoy on Kashmir : भारत के रुख का पुरजोर समर्थन करते हुए अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर ने जम्मू-कश्मीर को भारत का एक अत्यंत महत्वपूर्ण और अभिन्न अंग बताया है. अपने पहले श्रीनगर दौरे पर पहुंचे अमेरिकी राजदूत ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला से मुलाकात की. अनुच्छेद 370 के हटने के बाद किसी अमेरिकी राजदूत का केंद्र शासित प्रदेश का यह पहला स्वतंत्र (स्टैंडअलोन) दौरा है. गोर का यह बयान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की संप्रभुता के लिए एक बड़ा समर्थन माना जा रहा है.

​'यह भारत का अभिन्न हिस्सा, जगह बेहद खूबसूरत' ​

घाटी की अपनी पहली यात्रा पर खुशी जाहिर करते हुए सर्जियो गोर ने कहा, "यहां आना मेरे लिए बेहद खुशी की बात है. यह भारत का एक बहुत महत्वपूर्ण हिस्सा है और यह जगह बेहद खूबसूरत है. मैं यहां आकर और इसे देखकर बेहद रोमांचित हूं." अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के करीबी माने जाने वाले गोर के इस बयान को पाकिस्तान के झूठे प्रचार के खिलाफ भारत के मजबूत पक्ष की पुष्टि के तौर पर देखा जा रहा है.

​ट्रैवल एडवाइजरी हटाने पर करेंगे पुनर्विचार ​

सर्जियो गोर ने यह भी बड़ा संकेत दिया कि अमेरिका जल्द ही जम्मू-कश्मीर के लिए लागू अपने कड़े यात्रा परामर्श (Travel Advisory) में ढील दे सकता है. वर्तमान में अमेरिका ने आतंकवाद के खतरे को देखते हुए जम्मू-कश्मीर को 'लेवल 4: यात्रा न करें' की श्रेणी में रखा हुआ है.

गोर ने कहा कि इस क्षेत्र को सुरक्षित बनाने के लिए सराहनीय कदम उठाए गए हैं और वे इस एडवाइजरी की समीक्षा करेंगे ताकि अमेरिकी नागरिक कश्मीर की खूबसूरती और अवसरों को देखने आ सकें. इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने भी गोर से एडवाइजरी हटाने की अपील की थी ताकि स्थानीय पर्यटन को बढ़ावा मिले.

​उमर अब्दुल्ला से आर्थिक सहयोग पर चर्चा ​

श्रीनगर में अमेरिकी राजदूत ने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के साथ द्विपक्षीय बातचीत की. दोनों नेताओं के बीच पर्यटन, बागवानी और नई अर्थव्यवस्था के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई. उमर अब्दुल्ला ने बैठक के बाद कहा कि यह एक सकारात्मक मुलाकात थी और आने वाले वर्षों में अमेरिका व जम्मू-कश्मीर के बीच रिश्ते और गहरे होंगे. इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने साफ किया कि उन्होंने घरेलू मुद्दों पर कोई शिकायत नहीं की, क्योंकि राज्य की समस्याएं केंद्र सरकार सुलझाएगी, वाशिंगटन नहीं.

​15 साल बाद ऐतिहासिक मुलाकात, अगला पड़ाव लद्दाख ​

यह दौरा कई मायनों में ऐतिहासिक है. 15 साल बाद किसी मौजूदा अमेरिकी राजदूत ने जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री से सीधी मुलाकात की है; इससे पहले 2011 में टिमोथी रोमर ने उमर अब्दुल्ला से भेंट की थी. श्रीनगर में अपनी बैठकों के बाद राजदूत सर्जियो गोर गुरुवार को लद्दाख के दौरे पर रवाना होंगे.

Also read : दिल्ली के CNG स्टेशन में जोरदार धमाका, ट्रक का गैस सिलेंडर फटा; 3 की मौत