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चीनी के बाद अब गुड़ भी हुआ महंगा:अमृतसर में ₹20 प्रति किलो तक बढ़े भाव, जनता का बजट बिगड़ा
चीनी के लगातार बढ़ते दामों ने आम लोगों की रसोई का बजट बिगाड़ दिया है। चीनी महंगी होने के बाद लोगों ने इसके विकल्प के तौर पर गुड़ का इस्तेमाल बढ़ाना शुरू किया। लेकिन मांग बढ़ने का असर अब गुड़ की कीमतों पर भी दिखाई देने लगा है। अमृतसर में गुड़ के दाम में पिछले दिनों तेजी देखने को मिली है, जिससे आम परिवारों की जेब पर अतिरिक्त बोझ बढ़ गया है। गुड़ के मौजूदा भाव की बात करें तो देसी गुड़ करीब 70 रुपए प्रति किलो से बढ़कर 90 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गया है। वहीं, सामान्य गुड़ के दाम भी 50 रुपए से बढ़कर करीब 70 रुपए प्रति किलो हो गए हैं। यानी दोनों ही किस्मों के गुड़ में करीब 20 रुपए प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हुई है। गुड़ की बढ़ती कीमतों का असर केवल घरों तक सीमित नहीं है। अमृतसर की ढाब वस्ती और आसपास के इलाकों में ढाबों व चाय की दुकानों पर भी महंगाई का असर दिखाई दे रहा है। दुकानदारों के मुताबिक, रोजमर्रा की चीजों के दाम बढ़ने से लोग बाहर चाय-नाश्ता या खाना खाने से पहले खर्च का हिसाब लगाने लगे हैं। इससे दुकानों की फुटफॉल पर भी असर पड़ा है। व्यापारियों का कहना है कि चीनी के भाव बढ़ने के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने गुड़ की ओर रुख किया। मांग बढ़ने से बाजार में गुड़ के दाम भी ऊपर चले गए। गुड़ व्यापारी परमजीत सिंह और चीनी के व्यापारी हरपिंदर सिंह के मुताबिक, आने वाले समय में भी कीमतों पर दबाव बना रह सकता है। नई फसल से राहत की उम्मीद व्यापारी हरपिंदर सिंह के अनुसार, नई गन्ने की फसल आने और गन्ने की पिराई शुरू होने तक गुड़ के दामों में तेजी का असर देखने को मिल सकता है। नई फसल और उत्पादन शुरू होने के बाद बाजार में आपूर्ति बढ़ने पर कीमतों में राहत मिलने की उम्मीद की जा सकती है। महंगाई से गरीब-मध्यमवर्ग परेशान व्यापारियों का कहना है कि महंगाई का सबसे ज्यादा असर उस गरीब और मध्यमवर्गीय परिवार पर पड़ रहा है, जो रोज कमाता है और रोज खाता है। चीनी महंगी होने के बाद लोगों ने गुड़ का रुख किया, लेकिन अब गुड़ के दाम भी तेजी से बढ़ गए हैं। व्यापारियों ने सरकार से अपील की है कि रोजमर्रा की जरूरी वस्तुओं की बढ़ती कीमतों पर जल्द नियंत्रण किया जाए। उनका कहना है कि अगर महंगाई इसी तरह बढ़ती रही तो गरीब आदमी के लिए घर का खर्च चलाना और दो वक्त की रोटी जुटाना भी मुश्किल हो जाएगा। महंगाई पर राहत देने के लिए सरकार को जल्द प्रभावी कदम उठाने की जरूरत है।