समाचार · मध्य प्रदेश
शाजापुर में धरना-प्रदर्शन और जुलूस पर प्रतिबंध:त्योहारों के मद्देनजर धारा 163 लागू; किसी भी आयोजन-लाउडस्पीकर के लिए अनुमति अनिवार्य
शाजापुर कलेक्टर ऋजु बाफना ने आगामी त्योहारों के मद्देनजर जिले की संपूर्ण राजस्व सीमा में प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किए हैं। भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा 163 के तहत बिना अनुमति धरना, प्रदर्शन, जुलूस या रैली निकालने पर रोक लगा दी गई है। आयोजनों के लिए एसडीएम से अनुमति लेना अनिवार्य सार्वजनिक स्थानों, चौराहों, तिराहों और चौपालों पर किसी भी प्रकार के आयोजन या रैली के लिए संबंधित अनुविभागीय दंडाधिकारी (SDM) से लिखित अनुमति लेना अनिवार्य होगा। यह आदेश 20 जुलाई से लागू हो गया है और आगामी आदेश तक प्रभावी रहेगा। कानून-व्यवस्था और लोक शांति बनाए रखने को लिया फैसला प्रशासन ने यह निर्णय गुरु पूर्णिमा, श्रावण मास, स्वतंत्रता दिवस, रक्षाबंधन, कृष्ण जन्माष्टमी और ईद-मिलाद-उन-नबी जैसे पर्वों पर शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लिया है। यह नियम सभी संप्रदायों और राजनीतिक दलों पर समान रूप से लागू होगा। बिना अनुमति ध्वनि विस्तारक यंत्रों के प्रयोग पर रोक आदेश के तहत लाउडस्पीकर या अन्य ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग के लिए भी सक्षम अधिकारी की पूर्वानुमति आवश्यक होगी। बिना अनुमति इनका प्रयोग करने पर जिला प्रशासन द्वारा कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उल्लंघन पर BNS की धारा 223 के तहत होगी कार्रवाई यह आदेश धारा 163(2) के तहत एकपक्षीय रूप से पारित किया गया है। आदेश का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति या संगठन के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 223 के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।