धनखड़ ने राजस्थान के बतौर पूर्व कांग्रेस विधायक पेंशन मांगी:40 दिन मौन रहे पूर्व उपराष्ट्रपति सक्रिय हुए, अब 3 पेंशन मिलेगी

धनखड़ ने राजस्थान के बतौर पूर्व कांग्रेस विधायक पेंशन मांगी:40 दिन मौन रहे पूर्व उपराष्ट्रपति सक्रिय हुए, अब 3 पेंशन मिलेगी

पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने अब पूर्व विधायक के नाते मिलने वाली पेंशन के लिए राजस्थान विधानसभा सचिवालय में फिर से आवेदन किया है। धनखड़ 1993 से 1998 तक किशनगढ़ सीट से कांग्रेस के विधायक रहे थे। पूर्व विधायक के तौर पर उन्हें जुलाई 2019 तक पेंशन मिल रही थी। जुलाई 2019 में पश्चिम बंगाल के राज्यपाल बनने के बाद पेंशन बंद हो गई थी। अब उपराष्ट्रपति पद से हटने के बाद उन्होंने पूर्व विधायक के नाते फिर से आवेदन किया है। धनखड़ ने 21 जुलाई को उपराष्ट्रपति पद से अचानक इस्तीफा दे दिया था। विधानसभा सचिवालय ने धनखड़ की पेंशन आवेदन पर प्रक्रिया शुरू कर दी है। उन्हें उपराष्ट्रपति पद से इस्तीफा मंजूर होने की तारीख से पूर्व विधायक की पेंशन मिलनी शुरू होगी। सरकारी पद पर जाते ही पूर्व विधायक की पेंशन बंद हो जाती है
विधायक का कार्यकाल पूरा होते ही पूर्व विधायक की पेंशन चालू हो जाती है। पूर्व विधायक अगर किसी भी सरकारी पद पर मनोनीत हो जाते हैं या मंत्री बन जाते हैं तो विधानसभा सचिवालय को इसकी तय फॉर्मेट में सूचना दी जाती है। इसके बाद पेंशन बंद हो जाती है। सरकारी पद से कार्यकाल पूरा होने के बाद विधानसभा सचिवालय को तय फॉर्मेट में आवेदन कर सूचना देनी होती है। इसके बाद पेंशन फिर शुरू हो जाती है। जगदीप धनखड़ ने भी उसी प्रक्रिया के तहत आवेदन किया है। धनखड़ को पूर्व उपराष्ट्रपति, पूर्व सांसद, पूर्व विधायक की पेंशन मिलेगी
जगदीप धनखड़ को तीन तरह (पूर्व उपराष्ट्रपति, पूर्व सांसद, पूर्व विधायक) की पेंशन मिलेगी। पूर्व राज्यपाल को पेंशन नहीं मिलती है। इसलिए धनखड़ को भी पूर्व राज्यपाल की हैसियत से पेंशन नहीं मिलेगी। पूर्व विधायक को 35 हजार रुपए मिलती है पेंशन पूर्व विधायक को 35 हजार रुपए महीना पेंशन मिलती है। पेंशन हर टर्म के हिसाब से बढ़ती रहती है। पांच साल के बाद जो जितनी बार विधायक रहा है, उसे 5 साल बाद के हर टर्म में प्रतिमाह 1600 रुपए जोड़ते हुए अतिरिक्त पेंशन मिलती है। एक बार के विधायक को 35 हजार, दो बार के विधायक को 42 हजार, तीन बार के विधायक को 50 हजार रुपए की पेंशन मिलती है। अगर पूर्व विधायक ने 70 साल की उम्र पार की ली हो तो पेंशन में 20 प्रतिशत इजाफा होता है। धनखड़ को पूर्व विधायक के तौर पर 42 हजार रुपए की पेंशन मिलेगी
धनखड़ एक बार विधायक रहे हैं। उनकी उम्र 75 साल है। ऐसे में उन्हें 20 प्रतिशत ज्यादा पेंशन मिलेगी। उन्हें 35 हजार प्रतिमाह में 20 फीसदी जोड़कर पेंशन मिलेगी। यह पेंशन 42 हजार रुपए होती है। धनखड़ को तीन पेंशन ​में हर महीने करीब 2.73 लाख मिलेंगे
धनखड़ को पूर्व उपराष्ट्रपति के तौर पर करीब 2 लाख रुपए महीने की पेंशन मिलेगी। पूर्व विधायक के तौर पर 42 हजार रुपए और पूर्व सांसद के तौर पर 31 हजार रुपए हर महीने की पेंशन मिलेगी। इस तरह तीनों पेंशन मिलाकर उन्हें 2 लाख 73 हजार रुपए हर महीने मिलेंगे। 40 दिनों से मौन हैं धनखड़
पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ पिछले 40 दिनों से ‘मौन’ चल रहे हैं। स्वास्थ्य को लेकर अभी तक परिवार ने कुछ नहीं बताया है। परिवार का कहना है कि इन दिनों वह आराम कर रहे हैं। 9 सितंबर को नए उपराष्ट्रपति का चुनाव हो जाएगा। इसलिए इससे पहले धनखड़ को नए आवास में शिफ्ट होना है। अब सवाल यह है कि आखिर धनखड़ राजस्थान आएंगे या फिर दिल्ली में ही सरकारी आवास में शिफ्ट होंगे? सरकार ने प्रोटोकॉल के अनुसार, दिल्ली में टाइप 8 बंगला आवंटित कर दिया है। शिफ्टिंग में तीन से चार महीने लग सकते हैं। अभी धनखड़ को पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम मार्ग पर सरकारी बंगला आवंटित किया गया है। अभी उस बंगले में एक केंद्रीय मंत्री रहते हैं। वे इस आवास को खाली करेंगे, फिर इसे रेनोवेट किया जाएगा। ऐसे में अभी बंगला तैयार होने में कुछ समय लगेगा। विभाग की तरफ से एक अस्थायी आवास की तलाश की जा रही है ताकि नए उपराष्ट्रपति के आने से पहले धनखड़ को वहां शिफ्ट किया जा सके। दूसरे विकल्प भी खुले हैं। पूर्व उपराष्ट्रपति को 2000 वर्ग गज तक का आवास किराए पर लेकर भी दिया जा सकता है। यह दिल्ली या फिर अन्य जगह कहीं भी हो सकता है। राजस्थान से एक प्रतिनिधिमंडल गया था धनखड़ से मिलने
कुछ दिन पहले राजस्थान से एक प्रति​निधिमंडल उनसे मिलने गया था। इस दौरान भी उन्होंने भविष्य को लेकर कुछ भी कहने से इनकार कर दिया था। इस्तीफे को लेकर तमाम अटकलें लगाई जा रही हैं। 9 सितंबर की सुबह 10 से शाम 5 बजे तक मतदान होगा
उपराष्ट्रपति पद के लिए मुकाबला जस्टिस बी सुदर्शन रेड्‌डी और सीपी राधाकृष्णन में है। महाराष्ट्र के राज्यपाल राधाकृष्णन एनडीए के प्रत्याशी और सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश रेड्‌डी इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार हैं। उपराष्ट्रपति पद के लिए संसद भवन में 9 सितंबर को सुबह 10 से शाम 5 बजे तक मतदान होगा। मतदान समाप्ति के एक घंटे बाद 6 बजे से मतगणना शुरू होगी और फिर नतीजे घोषित कर दिए जाएंगे। — जगदीप धनखड़ की यह खबर भी पढ़िए… दिल्ली एम्स में मार्च में धनखड़ को लगा था स्टेंट, क्या यही इस्तीफे की वजह? दैनिक भास्कर ने इस्तीफे को लेकर उठ रहे सवालों को लेकर जगदीप धनखड़ के स्वास्थ्य को लेकर उनके रिश्तेदारों से बात की। साथ ही जाना कि क्या परिवार को जानकारी थी कि धनखड़ इस्तीफा देने वाले हैं? पढ़ें पूरी खबर…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *