उत्तर प्रदेश में पिछले 24 घंटों से जारी बारिश और तेज हवाओं के दौर ने मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल दिया है। राजधानी लखनऊ समेत तराई, पश्चिमी यूपी और बुंदेलखंड के जिलों में हुई झमाझम बारिश से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। जहाँ एक ओर लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली है, वहीं दूसरी ओर खेतों में खड़ी और कटाई के लिए तैयार फसलों को भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है। प्रमुख वर्षा आंकड़े
प्रदेश में सबसे अधिक बारिश बुंदेलखंड के जालौन में दर्ज की गई। प्रमुख जिलों का जालौन में 27 मिमी,महराजगंज 23 मिमी,झांसी 20 मिमी बारिश दर्ज किया गया है। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि शुक्रवार को आंधी या बारिश की कोई चेतावनी नहीं है। अगले दो दिनों में बूंदाबांदी कम होने और तापमान बढ़ने के संकेत हैं। हालांकि, सोमवार से पश्चिमी यूपी में एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ के असर से हल्की बूंदाबांदी फिर शुरू हो सकती है। मौसम की तस्वीरें… बारिश से फसलों को नुकसान, योगी बोले- अफसर फील्ड में उतरें
पिछले 5 दिनों से जारी बारिश की वजह से फसलों को नुकसान पहुंचा है। खासतौर पर सब्जियों की फसलें प्रभावित हुई हैं। खीरा-ककड़ी, खरबूज और तरबूज को सबसे ज्यादा नुकसान होने की आशंका है। सीएम योगी ने कहा कि सरकार किसानों के साथ खड़ी है। अधिकारी फील्ड में जाकर नुकसान का सर्वे करें और जल्द से जल्द रिपोर्ट सौंपें, ताकि मुआवजा दिया जा सके। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। योगी ने प्रदेश में आंधी, भारी बारिश और आकाशीय बिजली से हुई जनहानि को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन को अलर्ट मोड पर रखा है। सीएम ने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए अधिकारियों को घायलों के तत्काल और समुचित इलाज दिलाने को कहा है। सभी प्रभावितों को 24 घंटे के भीतर राहत राशि उपलब्ध कराने के सख्त निर्देश दिए हैं। साथ ही जिलाधिकारियों को फील्ड में रहकर राहत और बचाव कार्यों की लगातार निगरानी करने को कहा है। अगले 5 दिन कैसा रहेगा मौसम ? आपके शहर में मौसम कैसा है, कब तक मौसम खराब रहेगा? जानने के लिए नीचे लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए-
पश्चिमी यूपी में बारिश का अलर्ट:जालौन में 27 मिमी हुई बरसात, बांदा रहा सबसे गर्म शहर
