गुरुग्राम जिले में फर्रुखनगर के गांव तिरपड़ी में खेत में सिंचाई करते समय करंट लगने से एक किसान की मौत हो गई। परिजनों ने इस हादसे के लिए बिजली विभाग की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस को दी शिकायत में गांव तिरपड़ी निवासी राहुल ने बताया कि उनके चाचा सुरेंद्र कुमार कई वर्षों से गांव झुंड सराय निवासी औंकार की करीब साढ़े छह एकड़ जमीन बटाई पर लेकर खेती कर रहे थे। शुक्रवार दोपहर लगभग दो से ढाई बजे के बीच सुरेंद्र कुमार अपने भतीजे राहुल के साथ खेत में बोई गई गेहूं की फसल की सिंचाई कर रहे थे। पाइपलाइन को दूसरी जगह रख रहा था खेत में फव्वारा प्रणाली लगी हुई थी, जिसमें एल्युमिनियम के पाइप का उपयोग किया जा रहा था। सिंचाई के दौरान जब सुरेंद्र कुमार पाइपलाइन को दूसरी जगह रखने के लिए बदल रहे थे, तभी पाइप ऊपर से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की बिजली लाइन से छू गया। बिजली की तार काफी नीचे लटकी हुई थी, जिसके संपर्क में आते ही सुरेंद्र कुमार को जोरदार करंट लगा और वह मौके पर ही बेहोश होकर गिर पड़े। इसी दौरान वहां से गुजर रहे एक कार ड्राइवर केशव ने तुरंत मदद की। घायल सुरेंद्र कुमार को तत्काल कार में डालकर बुढेड़ा स्थित एसजीटी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। काफी नीचे लटकी हैं बिजली की तार परिजनों का आरोप है कि खेत के ऊपर से गुजर रही बिजली की लाइन काफी समय से नीचे लटकी हुई थी। इसकी शिकायत कई बार मौखिक रूप से बिजली विभाग को दी जा चुकी थी, लेकिन विभाग ने तारों को ठीक नहीं कराया। परिजनों ने इसी लापरवाही को हादसे का मुख्य कारण बताया है। पुलिस के अनुसार, राहुल की शिकायत के आधार पर बिजली विभाग के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 106 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की आगे की जांच जारी है।
फर्रुखनगर में करंट लगने से किसान की मौत:खेत में कर रहा था सिंचाई, परिजनों ने बिजली विभाग पर लगाया लापरवाही का आरोप
