हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले में तेलंगाना से आए रजनीकांत हत्याकांड की जांच सीआईए-वन को सौंपी गई। सीआईए ने जल्द इस ब्लाइंड मर्डर को ट्रैस करने का दावा किया है। उनके हाथ कुछ सुराग भी लगे हैं, जिस पर टीम काम कर रही है। कल बुधवार को पुलिस ने तेलंगाना के जिले कामारेड्डी में गांव अढलुर के रहने वाले काटिका रजनीकांत (45) के शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजन के हवाले कर दिया था। रजनीकांत शादीशुदा था और गांव में खेती-बाड़ी का काम करता था। रजनीकांत अपने पीछे पत्नी शैलजा, बेटी अनाया (10) और एक बेटे को छोड़ गया। ट्रैवल एजेंट पर शक मृतक के चचेरे भाई के प्रवीन का आरोप है कि ट्रैवल एजेंट सुखविंद्र सिंह निवासी मस्तापुर जिला अंबाला ने उसके भाई के रूस के लिए लगाए वीजा में धोखाधड़ी की थी। उसने 3 साल का कहकर 3 महीने का वीजा लगाया था और पैसे पूरे लिए थे। उसी का हिसाब करने उसका भाई कुरुक्षेत्र आया था। इसके बाद उसकी हत्या की सूचना मिली। सड़क किनारे मिला शव पुलिस के अनुसार, मंगलवार 6 जनवरी को थाना इस्माइलाबाद में मंदेडी के रहने वाले किसान कुलवंत सिंह ने शव मिलने की सूचना दी थी। उन्होंने बताया था- सुबह करीब साढ़े 10 बजे मैं मेन रोड ठोल से शाहाबाद के रास्ते से घास लेने जा रहा था। जब मैं मंदेडी के गुरुद्वारा से करीब 300 मीटर की दूरी पर पहुंचा तो मैंने व्यक्ति का शव पड़ा देखा। तेजधार हथियार से वार के निशान किसान ने बताया- शव को सड़क के किनारे फेंका गया था। उसकी आधी गर्दन किसी तेजधार हथियार से काटी गई थी और मुंह पर कट लगे हुए थे। कमर के पास 5-6 तेजधार हथियार के निशान थे। यह सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। परिजन को सूचना दी पुलिस ने शव की जांच के लिए फोरेंसिक टीम बुलाई। टीम ने मौके से सबूत जमा किए। इस दौरान शव की तलाशी ली गई तो उसकी जेब से रूस का टिकट मिला। उससे जानकारी निकालकर मृतक के परिजन को वारदात के बारे में सूचित किया गया। पैसे का हिसाब करने आया सूचना पर कुरुक्षेत्र पहुंचे मृतक के चाचा के लड़के मुदम सत्यम ने बताया कि काटिका रजनीकांत करीब एक साल पहले रूस गया था। उसे ट्रैवल एजेंट सुखविंदर सिंह ने वीजा लगाकर भेजा था। उसने कहा था कि 3 साल का वीजा लगा है, लेकिन वह वीजा केवल 3 महीने का ही था। मुदम सत्यम ने कहा- वीजा कम दिनों का होने के चलते रजनीकांत को 3 महीनों में ही भारत लौटना पड़ा। इसके बाद उसने एजेंट को फोन किया। एजेंट से बात हुई, तब वह टालमटोल करता रहा। जब रजनीकांत उसे रोजाना फोन करने लगा तो एजेंट ने कहा कि आकर अपने पैसे ले जाओ। हत्या का कारण गर्दन पर वार पोस्टमॉर्टम में सामने आया है कि रजनीकांत के शरीर पर तेजधार हथियार से वार के 13 निशान थे। फोरेंसिक एक्सपर्ट डॉ. नरेश सैनी ने बताया कि रजनीकांत की गर्दन पर चाकू और धारदार हथियार से काटने के 2 निशान हैं। चेहरे पर चाकू से काटने के 3 और कमर पर 6 निशान थे। उसके सिर पर भी 1 चोट मिली। रजनीकांत की मौत गर्दन पर वार से हुई। फोरेंसिक एक्सपर्ट के मुताबिक, यह हत्या सोमवार रात करीब 10 बजे से 1 बजे के बीच हुई होगी। हत्या में चाकू के साथ किसी और भी धारदार हथियार का इस्तेमाल किया गया है। दूसरा हथियार गन्ने काटने वाला कटर, कुल्हाड़ी या तलवार हो सकती है। रूस की टिकट से मिला सुराग थाना इस्माइलाबाद के SHO दिनेश कुमार ने बताया कि मंगलवार को पुलिस को शव के पास से रूस की पुरानी टिकट पड़ी मिली थी। इस पर मोबाइल नंबर भी लिखा हुआ था। टिकट पर लिखे नंबर और एड्रेस से उसके परिजन को सूचना दी गई थी। ट्रैवल एजेंट पर शक- सुरेंद्र कुमार सीआईए-वन के इंचार्ज सुरेंद्र कुमार ने बताया कि उनकी टीम घटना की जांच कर रही है। जल्द ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे। एजेंट पर शक नहीं करने का कोई कारण नहीं है। एजेंट से पूछताछ की जाएगी। पुलिस को और कई सुराग मिले हैं, जिन पर उनकी टीम काम कर रही है।
कुरुक्षेत्र में रजनीकांत हत्याकांड में ट्रैवल एजेंट पर शक:तेलंगाना से हिसाब करने आया था, सीआईए-वन को जांच की जिम्मेदारी
