Bageshwar News: देवभूमि उत्तराखंड की धड़कन कहे जाने वाले पारंपरिक वाद्य यंत्र हुड़का को गायब होने से बचाने के लिए बागेश्वर के एक कलाकार ने अपनी पूरी जिंदगी लगा दी है. बांसुरी की मधुर तान बिखेरने वाले मोहन जोशी अब अपने हाथों से ऐसा हुड़का तैयार कर रहे हैं जिसकी गूंज सात समंदर पार तक पहुंच चुकी है. डिजिटल दौर में वो नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ रहे हैं और उनके बनाए हुड़के के दीवाने देश-विदेश के बड़े-बड़े कलाकार भी हैं.
बांसुरी की तान से हुड़के की थाप तक! बागेश्वर के मोहन जोशी नई पीढ़ी तक पहुंचा रहे उत्तराखंड की लोक संस्कृति
