चमोली में सेना का वाहन खाई में गिर गया। हादसे में सेना के 2 जवान घायल हो गए। घायलों में एक की हालत गंभीर बनी हुई है। हादसा गोपेश्वर थाना इलाके के दिलों बैंड के पास हुआ। स्थानीय युवक ने घायल का रेस्क्यू कर जिला अस्पताल पहुंचाया। जहां एक जवान की हालत गंभीर होने पर सेना के हेलीकॉप्टर से हायर सेंटर रेफर कर दिया है। दूसरे घायल का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। सूचना मिलने पर गोपेश्वर थाना प्रभारी अनुरोध व्यास अस्पताल पहुंचे और घायलों का हाल जाना। थाना प्रभारी ने राहुल की बहादुरी के लिए उसकी तारीफ भी की। हादसे से जुड़ी PHOTOS… अब सिलसिलेवार पढ़िए पूरा घटनाक्रम…. स्थानीय युवक ने किया घायल जवानों का रेस्क्यू
गोपेश्वर थाना प्रभारी अनुरोध व्यास ने बताया कि स्थानीय निवासी राहुल चोपता-बुलकाना क्षेत्र से अपनी दुकान का सामान लेने के लिए गोपेश्वर जा रहा था। इसी दौरान मंडल से करीब 12 किलोमीटर दूर दिलों बैंड के पास उसे एक सेना का वाहन (14C098 9014) 20 मीटर खाई में गिरा हुआ नजर आया। राहुल ने तत्काल 108 एंबुलेंस को कई बार कॉल करने का प्रयास किया, लेकिन क्षेत्र में नेटवर्क न होने के कारण संपर्क नहीं हो सका। ऐसी स्थिति में समय गंवाना उचित न समझते हुए राहुल ने खुद ही पहल करते हुए दोनों घायल जवानों का रेस्क्यू किया। एक जवान की हालत गंभीर
थाना प्रभारी ने बताया कि राहुल ने सिग्नल कोर के जवान धवन सिंह (23) और हरियाणा के भिवानी निवासी चालक जांबाज सिंह (29) को सड़क मार्ग तक पहुंचाया। दोपहर 2 बजे दोनों घायलों को अपने वाहन से जिला अस्पताल पहुंचाया। जवान धवन सिंह की हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने सेना के हेलीकॉप्टर की मदद से हॉयर सेंटर रेफर किया। जवान जांबाज सिंह का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। राहुल ने पेश की मानवता की मिशाल
थाना प्रभारी ने बताया कि स्थानीय युवक राहुल ने मानवता की मिसाल पेश करते हुए घायल जवानों की जान बचाने में अहम भूमिका निभाई। बिना समय गंवाए किया रेस्क्यू
स्थानीय निवासी राहुल ने बताया कि वह चोपता-बुलकाना क्षेत्र से अपनी दुकान का सामान लेने के लिए गोपेश्वर जा रहा था। इसी दौरान मंडल से करीब 12 किलोमीटर आगे दिलों बैंड के पास उसे एक सेना का वाहन दुर्घटनाग्रस्त अवस्था में दिखाई दिया। मौके पर पहुंचकर उसने तत्काल 108 एंबुलेंस सेवा को कई बार कॉल करने का प्रयास किया, लेकिन क्षेत्र में नेटवर्क न होने के कारण संपर्क नहीं हो सका। ऐसी स्थिति में समय गंवाना उचित न समझते हुए राहुल ने खुद ही पहल करते हुए दोनों घायल जवानों का रेस्क्यू किया। दोनों घायलों को कंधे में लांदकर सड़क तक पहुंचाया।
चमोली में 65 फीट खाई में गिरा सेना का वाहन:स्थानीय युवक ने कंधे पर उठाकर सड़क तक पहुंचाया, नेटवर्क न होने पर नहीं बुला पाया एंबुलेंस
