‘देखो भाई, गैस सिलेंडर मिल तो जाएंगे, लेकिन आप ले नहीं पाएंगे। मतलब, महंगा बहुत है। 2-4 नहीं, केवल एक सिलेंडर दिलवा देंगे। कॉमर्शियल 5,000 रुपए का पड़ेगा और घरेलू 3500 रुपए का।’ ये कहना है लखनऊ के एक गैस हॉकर का। अमेरिका-इजराइल की ईरान से जंग की वजह से देश में LPG संकट बढ़ गया है। इस आपदा को यूपी के जमाखोरों ने अवसर बना लिया है। वे गैस सिलेंडर की सामान्य डिलिवरी नहीं करके इन्हें ढाई से साढ़े तीन गुना रेट पर ब्लैक कर रहे हैं। 950 रुपए में आने वाले घरेलू गैस सिलेंडर को 3500 रुपए और 2007 रुपए के कॉमर्शियल सिलेंडर को 5000 रुपए में ब्लैक कर रहे हैं। सिलेंडर ब्लैकमेलिंग के इस खेल को समझने और एक्सपोज करने के लिए दैनिक भास्कर की टीम ने राजधानी लखनऊ में इन्वेस्टिगेशन किया। पढ़िए, पूरा खुलासा… स्पॉट- गोमतीनगर गैस सिलेंडर की ब्लैकमेलिंग के स्टिंग के लिए सबसे पहले हम गोमतीनगर पहुंचे। यहां विवेकखंड में पार्क के पास दर्जनों लोग गैस सिलेंडर के लिए खड़े मिले। यहां हमारी मुलाकात एक एजेंसी के मुंशी रामकृपाल से हुई। रामकृपाल के आसपास खड़े लोग सिलेंडर देने की गुहार लगा रहे थे। मौका देखकर हमने रामकृपाल से डील की। बोले- अब 3000 रुपए में कोई सिलेंडर नहीं मिलेगा रिपोर्टर : गाड़ी नहीं आई? रामकृपाल : गोदाम पर पहुंची है, पर यहां अभी नहीं आई। गोदाम से निकले तो कुछ काम बने। रिपोर्टर : कॉमर्शियल सिलेंडर की क्या स्थिति है? रामकृपाल : कॉमर्शियल की बहुत बुरी स्थिति है। रिपोर्टर : क्या हो गया? रामकृपाल : 2200 रुपए का रेट है, 3000 का भी नहीं मिल रहा। रिपोर्टर : कहां पर? रामकृपाल : अरे, हुसड़िया चौराहे पर…। रिपोर्टर : भारत वाला? रामकृपाल : नहीं भैया, कोई भी चाहे भारत हो चाहे इंडेन या इंडियन। रिपोर्टर : कॉमर्शियल गैस सिलेंडर चाहिए। रामकृपाल : भैया झूठ नहीं बोलेंगे, नीलकंठ वाले के यहां 7 लाख मेरा बाकी है। इंदिरा वाले का 20 लाख और राज वाले का 20-22 लाख रुपए बाकी है। इन लोगों को गैस देने के लिए सबने मना कर दिया है। रिपोर्टर : इतना बाकी लगा लिया। रामकृपाल : अरे यार, ये बहुत बेइमानी है। पहले तो ठीक था। रिपोर्टर : इतना क्यों बाकी लगाया? रामकृपाल : पहले हमसे 500-700 सिलेंडर लेते थे, इसके बाद दूसरे से लेने लगे। ज्यादा बकाया हुआ तो तीसरे के यहां से लेना शुरू कर देते हैं। रिपोर्टर : ब्लैक तो मिल जाएगी? रामकृपाल : ब्लैक में भैया 2000 रुपए की मिल रही। रिपोर्टर : भैया कॉमर्शियल दिलवा दीजिए? रामकृपाल : कॉमर्शियल 2200 रुपए का रेट है, लोग 3500 रुपए तक खरीदने के लिए तैयार हैं, तब भी नहीं मिल रहा। रिपोर्टर : देखो, कोई जुगाड़ बना दो? रामकृपाल : कल 2500 रुपए में कॉमर्शियल खरीदे थे, 3500 रुपए में बेच दिए। रिपोर्टर : कैसे? रामकृपाल : इधर, 2500 रुपए में खरीदा, उधर 3000 रुपए में पकड़ा दिया। आपको कितने कॉमर्शियल चाहिए? रिपोर्टर : 15 दिन में कम से कम 50 सिलेंडर। रामकृपाल : अभी मोबाइल खुला होगा तो बात हो जाएगी। रिपोर्टर : जी भाई, दिलवा दीजिए। रामकृपाल : ठीक है, फोन कर रहे हैं। रिपोर्टर : दिक्कत नहीं रहती है, तब भी लोग परेशान रहते हैं। रामकृपाल : देखिए भैया, आपको बताएं, गोमतीनगर में अधिकतर लोगों के यहां पाइपलाइन से सप्लाई होती है। वो लोग अपना सिलेंडर लेकर 1100-1200 रुपए में बेच देते हैं। रिपोर्टर : चलो ठीक है और कहीं से सेटिंग बैठा दो भाई। रामकृपाल : सेटिंग कल तक बैठा देंगे भाई। आज तो नहीं हो पाएगा। स्पॉट- पत्रकारपुरम चौराहा हॉकर ने कहा- 2 घंटे में ब्लैक में दिला देंगे सिलेंडर
हम पत्रकारपुरम चौराहे के तरफ निकले। रास्ते में हमारी मुलाकात कल्लू नाम के हॉकर से हुई। कल्लू से हमने 5 सिलेंडर देने की मांग की। कल्लू ने पहले तो मना किया। बाद में बोला- 5 नहीं, 1 की व्यवस्था कर देंगे। कल्लू से पूछा कि कितना पड़ेगा। उसने कहां 2500 रुपए तक पड़ेगा। कल्लू ने अपना नंबर दिया और कहा कि दो-तीन घंटे में करा देंगे। स्पॉट- इंदिरानगर इसके बाद हम इंदिरानगर स्थित सुरेंद्रनगर पहुंचे। यहां पर हमारी मुलाकात रेस्टोरेंट संचालक मनीष कुमार से हुई। हमको इनपुट मिला था कि मनीष गैस ब्लैक कराता है। मनीष से हमने कॉमर्शियल और घरेलू सिलेंडर दिलाने की बात की। सिलेंडर मिल तो जाएगा, लेकिन महंगा बहुत पड़ेगा रिपोर्टर : भाई गैस का कोई जुगाड़ है? मनीष : मिल तो जाएगा, लेकिन आप ले नहीं पाएंगे? रिपोर्टर : मतलब? मनीष : महंगा बहुत है सर। रिपोर्टर : कोई बात नहीं, बुलाकर हमारी बात करा दो, हमको दो-चार सिलेंडर की जरूरत है। मनीष : दो-चार नहीं, एक दिलवा देंगे। रिपोर्टर : ठीक है, एक ही दिलवा दो। मनीष : घरेलू वाला है न? रिपोर्टर : कॉमर्शियल हो चाहे कोई भी… दिलवा दो। मनीष : कॉमर्शियल 5000 का पड़ेगा और घरेलू 3500 रुपए का। रिपोर्टर : ठीक है, बात करो। मनीष : अभी बात नहीं करेंगे। रिपोर्टर : ठीक है, अपना नंबर दे दो आप, जब बात हो जाए तो बता देना। मनीष : अभी लग नहीं रहा, उसका नंबर। आप मेरा नंबर ले लीजिए। शाम को बात करके बताएंगे। इसी बीच किसी का फोन आता है। उसको मनीष बताता है कि भाई बोला है, देखा सिलेंडर आ जाएगा। रिपोर्टर : 5000 रुपए बड़े का बताया था और छोटा वाले का? मनीष : छोटा वाला 3500 रुपए का। रिपोर्टर : कब फोन करें आपको? मनीष : शाम को करना। 5 सिलेंडर ब्लैक में देने को तैयार हो गया मनीष शाम को मनीष ने फोन किया। उसने कहा कि 9 बजे सिलेंडर मिलेगा। फिलहाल अगर आपको अभी जरूरत हो तो एक सिलेंडर आप आकर ले लो। रिपोर्टर : एक नहीं चाहिए… कम से कम 10 चाहिए। मनीष : 10 नहीं 5 ही मिलेंगे, अभी हमारे पास एक्स्ट्रा रखा हुआ है। आप चाहे तो ले सकते हैं। बाकी रात 9 बजे मिल जाएगा, वो एक-एक करके लाकर रख देगा। एक बात है कि पेमेंट पहले करना पड़ेगा। क्याेंकि वो लाकर यहां रख देगा तो बाद में दिक्कत न हो। स्पॉट- कैंट मनीष से डील करने के बाद हम कैंट पहुंचे। यहां हमने एक हाॅकर से डील की। हॉकर को हमने 3500 रुपए देकर कॉमर्शियल सिलेंडर लिया। उससे हमने एक घरेलू सिलेंडर की भी मांग रखी। उसने 2200 से 2300 रुपए में घरेलू सिलेंडर देने की बात कही। बोला- कल इसी जगह मिलना, घरेलू सिलेंडर भी ब्लैक में दे दूंगा… रिपोर्टर : कितना देना है? हॉकर : 3500 रुपए। रिपोर्टर : अरे, ये तो बहुत महंगा हो गया है? हॉकर : अरे भैया, कहीं मिल ही नहीं रहा। रिपोर्टर : ठीक है ये लो 3500 रुपए… गिन लो। हॉकर : गिन लिया, ठीक है। रिपोर्टर : ये बताओ, हमको भी एक सिलेंडर चाहिए। हॉकर : कहां? रिपोर्टर : यहीं लाकर दे देना। हॉकर : ठीक है, मिल जाएगा। रिपोर्टर : हमको ये वाला नहीं चाहिए। हॉकर : घरेलू चाहिए। रिपोर्टर : हां…। हॉकर : ठीक है मिल जाएगा। रिपोर्टर : कितने का पड़ेगा? हॉकर : वहीं 2200-2300 रुपए में मिल जाएगा। रिपोर्टर : ठीक है, कल दे देंगे? हॉकर : हां… दे देंगे। हमारी इन्वेस्टिगेशन में 3 बातें सामने आई- जिलापूर्ति अधिकारी बोले- कार्रवाई करेंगे
हमने गैस की कालाबाजारी के बारे में जिलापूर्ति अधिकारी वीरेंद्र सिंह से बात की। उन्होंने कहा- जहां भी ऐसा हो रहा है, वहां का लोकेशन भेजिए कार्रवाई करेंगे। इसके बाद दैनिक भास्कर ने उन्हें कुछ सवाल भेजकर जानकारी चाही, लेकिन उन्होंने फोन स्विच ऑफ कर लिया।
———————– यह खबर भी पढ़ें- सिलेंडर के लिए बुजुर्ग फूट-फूटकर रोए, बोले- दिल का मरीज, 3 दिन से चक्कर काट रहा यूपी में रसोई गैस सिलेंडर का संकट बढ़ता जा रहा है। कानपुर, गोरखपुर और कुशीनगर समेत कई जिलों में एजेंसियों के बाहर लंबी लाइनें लग रहीं। सिद्धार्थनगर में लोग रात से ही सिलेंडर के लिए गैस एजेंसी के बाहर बैठ गए। कानपुर में गैस एजेंसी के बाहर जमकर हंगामा हुआ। पढ़िए पूरी खबर…
यूपी में 950 वाला सिलेंडर 3500 में ब्लैक:स्टिंग में भास्कर ने दिए रुपए, सप्लायर बोला- कल रेट और बढ़ेगा
