पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला पर फायरिंग की कोशिश, VIDEO:हमलावर ने सिर पर बंदूक तानी, सुरक्षाकर्मियों ने बचाया; डिप्टी सीएम सुरिंदर चौधरी भी मौजूद थे

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नेशनल कॉन्फ्रेंस अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला पर जम्मू में बुधवार देर शाम फायरिंग की कोशिश की गई है। अधिकारियों के मुताबिक अब्दुल्ला ग्रेटर कैलाश इलाके में एक शादी समारोह में पहुंचे थे। उनके साथ जम्मू-कश्मीर के डिप्टी सीएम सुरिंदर चौधरी भी मौजूद थे। घटना का सीसीटीवी भी सामने आया है। इसमें देखा जा सकता है कि जब फारूक अब्दुल्ला शादी से जा रहे थे तभी हमलावर कमल सिंह जम्वाल ने पीछे से आकर अब्दुल्ला के सिर पर बंदूक तान दी और गोली चलाने की कोशिश की। हालांकि उनके साथ मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें बचा लिया और हमलावर को पकड़ लिया। अधिकारियों ने बताया कि फारूक अब्दुल्ला और सुरिंदर चौधरी सुरक्षित हैं। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हमले के पीछे के कारणों का पता लगाया जा रहा है। घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियों और पुलिस ने पूरे इलाके को घेरकर जांच शुरू कर दी है। CM उमर बोले- Z+ सिक्योरिटी में कोई करीब कैसे आया CM और फारूक अब्दुल्ला के बेटे उमर अब्दुल्ला ने X पर लिखा कि एक आदमी लोडेड पिस्टल लेकर पॉइंट-ब्लैंक रेंज में आ गया और गोली चला दी। अल्लाह का शुक्र है कि मेरे पिता बाल-बाल बचे थे। सवाल उठता है कि कोई Z+ NSG प्रोटेक्टेड पूर्व CM के इतने करीब कैसे पहुंच गया। घटना के बाद डिप्टी CM सुरिंदर चौधरी ने कहा-पुलिस से पूछना चाहिए कि रॉयल पार्क में इतनी बड़ी चूक कैसे हो गई। वहां लोकल पुलिस से कोई नहीं था। यह बहुत बड़ी सिक्योरिटी चूक है। फारूक अब्दुल्ला 3 बार CM रह चुके हैं डॉ फारूक अब्दुल्ला जम्मू-कश्मीर नेशनल कॉन्फ्रेंस पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री हैं। उनके पिता शेख अब्दुल्ला भी मुख्यमंत्री थे, जबकि उनके बेटे उमर अब्दुल्ला अभी राज्य के मुख्यमंत्री हैं। फारूक अब्दुल्ला ने मेडिकल की पढ़ाई की और कुछ समय तक डॉक्टर के रूप में काम किया, लेकिन बाद में वे राजनीति में आ गए और अपने पिता की पार्टी से जुड़कर सक्रिय राजनीति करने लगे। फारूक अब्दुल्ला तीन बार जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री रह चुके हैं। उनका पहला कार्यकाल 1982 से 1984 तक, दूसरा 1986 से 1990 तक और तीसरा 1996 से 2002 तक रहा। इसके अलावा वे लोकसभा सदस्य भी रह चुके हैं। अब्दुल्ला 2009 से 2014 तक केंद्रीय ऊर्जा मंत्री भी रह चुके हैं। फारूक अब्दुल्ला से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… फारूक ने मानी पहलगाम हमले में लोकल सपोर्ट की बात:बोले- आतंकी वहां कैसे आए जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री फारूक अब्दुल्ला ने कहा था, ‘पहलगाम आतंकी हमला लोकल सपोर्ट के बिना नहीं हो सकता। क्योंकि आतंकवादी वहां कैसे आए, ये सवाल आज भी बना हुआ है। किसी लोकल ने उनकी मदद तो जरूर की है। अब्दुल्ला के इस बयान पर पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने कड़ी आपत्ति जताई है। पूरी खबर पढ़ें…