हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले के 26 साल के युवक की लेबनॉन में मौत हो गई। युवक करीब एक साल पहले लेबनॉन गया था। जहां वह प्लाइवुड फैक्ट्री में लेबर का काम करता था। फैक्ट्री में काम करने के दौरान प्लाईयों के नीचे दबने उसकी मौत हो गई। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। मृतक की पहचान पिहोवा के वार्ड-7 गडरिया मोहल्ला के रहने वाले धीरज कुमार के रूप में हुई। धीरज 3 बहनों का इकलौता भाई था। धीरज के पिता पवन कुमार की पिहोवा में कैथल रोड पर चाय की दुकान है। धीरज के परिवार ने उसकी बॉडी भारत लाने के लिए सरकार और प्रशासन से गुहार लगाई है। बीका वैली में रहता था धीरज युवक के पिता पवन कुमार ने बताया कि उसका बेटा धीरज पिछले साल 19 फरवरी को वर्क वीजा पर लेबनॉन गया था। धीरज लेबनॉन के बीका वैली शहर में जेला इंडस्ट्रीज एरिया की बॉयस डिजाइन नाम की फैक्टरी में काम करता था। एक महीने पहले ही धीरज इस फैक्ट्री में लगा था। इससे पहले धीरज किसी दूसरी फैक्ट्री में चौकीदारी करता था। मौत के बाद सामने आई पत्नी पिता पवन ने बताया कि पास के ही गांव के एक व्यक्ति ने उनको 23 जनवरी को बेटे की मौत की सूचना दी। हालांकि उसकी मौत 21 जनवरी हो गई थी। साथ ही उस व्यक्ति ने धीरज से उसकी बेटी के साथ शादी होने का दावा किया। उनके पास 29 अगस्त 2023 को शादी करने का मैरिज सर्टिफिकेट भी है, जो पिहोवा तहसील से रजिस्टर है। बेटे की शादी की बात झूठ आरोप लगाया कि उस युवती ने फेक डॉक्यूमेंट लगाकर शादी रजिस्टर करवाई, जबकि उसके बेटे के पासपोर्ट पर किसी लड़की का नाम नहीं है। इस मामले की शिकायत पिहोवा के तहसीलदार को देकर जांच और कार्रवाई की मांग की है। बेटे की मौत के बाद लड़की और उसके परिवार अचानक सामने आ गया। पवन कुमार ने लड़की के पिता पर धीरज को उनसे दूर करने और बगैर बताए फेक डॉक्यूमेंट पर लेबनॉन भेजने के आरोप लगाए हैं। उसके बेटे ने कभी भी उनको अपनी शादी की बात नहीं बताई। साथ ही शादी के बाद लड़की एक बार भी उनके घर नहीं आई। अगर उनका बेटा शादी करता तो परिवार को जरूर बता देता। 2 फरवरी को जन्मदिन था 2 फरवरी को धीरज का 27वां जन्मदिन था। लेकिन उससे पहले ही धीरज की मौत हो गई। धीरज अपनी बहन मनिंद्र उर्फ मोना, रज्जी और रीना में सबसे छोटा था। उसकी बहनों की शादी हो चुकी है। धीरज अकेला अपने परिवार का सहारा था। बेटे की मौत से परिवार बुरी तरह से टूट चुका है। लड़की ने भी एंबेसी में किया क्लेम चचेरे भाई संजीव कुमार ने बताया कि 29 जनवरी को उन्होंने बॉडी का भारत लाने के लिए लेबनॉन एंबेसी को गुहार लगाई थी। इसी दौरान उनको पता चला कि धीरज की पत्नी ने भी शव को भारत लाने के लिए क्लेम डाला हुआ है, जबकि उसकी शादी ही नहीं हुई थी। आरोप लगाया कि लड़की और उसके पिता ने धीरज को हनीट्रेप में फंसाया था और उसकी कमाई खा रहे थे।
कुरुक्षेत्र के युवक की लेबनॉन में मौत:प्लाई के नीचे दबा, डेथ के बाद अचानक सामने आई लड़की बोली-मेरा पति था, परिवार ने झूठी बताया
