यमुनानगर में लापता नाबालिग 3 दिन बाद बेड में मिली:नोट लिखकर गई थी कि ‘साहिब’ के साथ भेजगो तो वापस आउंगी

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यमुनानगर के थाना प्रतापनगर क्षेत्र में 23 जनवरी शुक्रवार की शाम को लापता हुई 16 वर्षीय नाबालिग लड़की तीन दिन बाद अपने ही घर में बैड के अंदर बेसुध मिली। नाबालिग की मां बैड पर लेटी थी तो नीचे से कुछ खटखटाने की आवाज हा रही थी। उसने जब बैड खोला तो नीचे कंबल में लिपटी उसकी बेटी ही बेसुध हालत में पड़ी थी। महिला तुंरत उसने निकालकर प्रतापनगर सिविल अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टर ने यमुनानगर के सिविल अस्पताल रेफर कर दिया। अस्पताल में महिला ने बेटी का मेडिकल कराने की मांग की। सूचना मिलते ही प्रतापनगर थाने से पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंची और लड़की बयान दर्ज किए। लड़की बोली- कंबल निकालते हुए चक्कर अपने पर अंदर गिरी लड़की ने बताया कि वह सोमवार की सुबह चुपके से घर पर लौट आई थी। वह काफी थकी और कमजोर महसूस कर रही थी। जैसे ही वह सोने के लिए बैड खोलकर कंबल निकालने लगी चक्कर खाकर उसके अंदर ही गिर गई। अस्पताल में उपचार के बाद सेहत में सुधार आने पर लड़की को डिस्चार्ज कर दिया गया। प्रतापनगर थाना क्षेत्र की एम महिला ने बताया कि उसके दो बच्चे हैं जिनमें से उसकी बड़ी बेटी अभी 11वीं कक्षा में पढ़ती है और यमुनानगर से नीट की कोचिंग ले रही है। 23 जनवरी की शाम को अचानक घर से लापता हो गई थी। उन्होंने उसकी अपने स्तर पर तलाश की लेकिन कहीं कुछ पता नही चल पाया। उन्होंने घर पर जब बेटी का सामान जांचा तो उसमें उसकी कॉपी पर एक नोट लिखा मिला, जिसमें लिखा था कि :- ”मैं अपनी मर्जी से अकेली जा रही हूं, मैं वापिस नहीं आना चाहती, मुझे मत ढूंढना। मुझे साहिब के साथ भेजते हो तब वापिस आउंगी और साहिब के साथ बात करा ले जाने के लिए। अगर ऐसे वापिस आई तो मर कर ही आउंगी। अम्मी जी अगर साहिब के साथ भेजने को तेरी हां है तभी मैं वापिस आउंगी वर्ना मुझे मत ढूंढना ” महिला ने बताया उसकी बेटी साहिब नाम के एक युवक के साथ रिलेशन था। साहिब बेटी को सोशल मीडिया ऐप Snapchat पर मिला था। उसने उसकी बेटी को प्रेमजाल में फंसाया। साहिब की उम्र करीब 22 साल है जबकि उसकी बेटी की 16 साल। साहिब बना रहा शादी का दबाव महिला का कहना है कि साहिब उसकी बेटी को शादी के लिए दबाव बना रहा था, ऐसे में उसकी बेटी भी साहिब से शादी की जिद करने लगी। अभी नाबालिग होने के चलते वह उसकी शादी नहीं करा सकते। इस बात को लेकर बेटी की अक्सर घर पर कहासुनी भी होती है और इसकी के चलते उसकी बेटी घर से लापता हो गई। उन्होंने अपनी बेटी की हर जगह तलाश की लेकिन उसका कहीं कुछ पता नहीं चला। वह अपना फोन भी घर पर छोड़कर चली गई थी। रातभर तलाश के बाद भी उसका जब कोई सुराग नहीं लगा तो उन्होंने 24 जनवरी को प्रतापनगर थाने में उसकी गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई। इसी बीच घर पर बेटी का सामान जांच रहे थे तो उसकी कॉपी में एक नोट लिखा मिला था, जिसमें साहिब का जिक्र था। महिला ने बताया कि उन्होंने साहिब से भी संपर्क साधा, लेकिन उसने साफ कह दिया कि उनकी बेटी उसके पास नहीं है। उन्होंने बेटी को अपने स्तर पर हर जगह तलाशा। यहां तक की उसके पति बेटी को तलाशने के लिए पंजाब तक जा आए। बेड पर लेटी तो नीचे से आई खटखटाने की आवाज महिला ने बताया कि सोमवार को वह सुबह के समय घर का काम निपटाकर थाेड़ा आराम करने के लिए बैड पर लेट गई थी। थोड़ी देर में उसे बेड के नीचे से कुछ खटखटाने की आवाज आई, जिसे उसने इग्नोर कर दिया। कुछ देर बाद वहीं खटखटाहट फिर से होने लगी। उसने तब भी इस पर इतना गौर नहीं किया। करीब आधे घंटे लेटे रहने के बाद बेड के नीचे से लगातार आवाज आने लगी तो उसने उठकर देखा कि बेड की एक साइड ऊपर उठी हुई थी। बैड पुरी तरह से बंद न होने के चलते उसे कुछ शक हुआ। उसने जब बैड को खोलकर देखा तो अंदर पड़े कंबल में से एक पैर बाहर निकला हुआ दिखाई दिया, जिसे देखकर वह पूरी तरफ से घबरा गई। दो दिन बगैर कुछ खाए-पिए भटकती रही उसने धीरे से कंबल को पीछे हटाया तो देखा वह उसकी ही बेटी थी, जोकि तकरीबन बेसुध हो रखी थी। महिला ने बताया कि वह बेटी को तुरंत बेड में से निकालकर अस्पताल प्रतापनगर सिविल अस्पताल लेकर पहुंची, जहां उसे यमुनानगर सिविल अस्पताल में रेफर कर दिया गया। होश में अपने पर बेटी ने बताया कि वह साहिब से शादी करना चाहती है, लेकिन घर वाले नहीं मान रहे। इसी के चलते वह घर से चली गई थी। वह साहिब के पास न जाकर अकेले ही इधर-उधर बगैर कुछ खाए पिए दो दिन भटकती रही। सोमवार की सुबह वह चुपके से घर लौट आई। नाबालिग बोली: बेड में पड़े एक घंटे बाद आया होश घर में एंट्री करते ही उसे कोई नजर नहीं आया। ऐसे में चुपके से अपने कमरे में गई और सोने के लिए बेड खोलकर कंबल निकालने का प्रयास कर रही थी, इसी दौरान उसे चक्कर आ गए और वह सीधे बेड में जा गिरी और बेसुध हो गई। ऐसे में बेड ऊपर से एकदम बंद हो गया। करीब एक घंटे बाद उसे जरा सा होश आया तो उसने बेड को खटखटाया। महिला ने अस्पताल में अस्पताल में बेटी का मेडिकल कराने की मांग की। महिला का कहना है कि उसकी बेटी दो दिन घर से बाहर रही है और जब वापिस लौटी तो काफी डरी और सहमी हुई थी। उसके साथ कुछ कहीं कुछ गलत न हुआ हो। सूचना मिलते ही प्रतापनगर थाने से पुलिस मौके पर पहुंची, जिस पर नाबालिग के बयान दर्ज किए गए और सेहत में सुधार होने पर अस्पताल से डिस्चार्ज भी कर दिया गया। बयान दर्ज कर परिजनों को सौंपी लड़की प्रतापनगर थाना प्रभारी गुरदयाल सिंह ने बताया कि महिला की शिकायत पर 24 जनवरी को नाबालिग लड़की के लापता होने का मामला दर्ज किया गया था। अब परिजन कह रहे हैं कि बेटी घर में ही बेड के अंदर से बरामद हुई है। उनकी टीम ने अस्पताल पहुंचकर नाबालिग के बयान दर्ज कर लिया है और लड़की को परिजनों को सौंप दिया गया है।