मंडी ज़िला में कुल 31 लॉकेशन जहां एम्बुलेंस सुविधा उपलब्ध है उनमें 163 कर्मचारी कार्यरत हैं।जिनमें 71 पायलेट 80 इमरजेंसी मेडिसिन तकनीशियन शामिल हैं। प्रदेश में सैंकड़ों कर्मचारी मुख्य नियोक्ता एनएचएम के अंतर्गत कार्यरत मेडस्वेन फाउंडेशन के अधीन काम कर रहे हैं।जिनमें पायलट, कैप्टन व ईएमटी कर्मचारी भयंकर के शिकार हैं। शोषण का आलम यह है कि इन कर्मचारियों को सरकार द्वारा घोषित न्यूनतम वेतन तक नहीं मिलता है। इन कर्मचारियों से बारह घंटे डयूटी करवाई जाती है परंतु इन्हें ओवरटाइम वेतन का भुगतान नहीं किया जाता है।
यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी है कि यूनियन द्धारा दिए गए डिमांड चार्टर को आज की हड़ताल के बाद भी लागू नहीं किया गया तो यूनियन अनिश्चितकालीन हड़ताल करने के लिए मजबूर होगी। इस किस अवसर पर 102 108 यूनियन के जिला प्रधान सुमित कुमार, जिला सचिव जितेंद्र कुमार,गेपेंद्र कुमार, सुरेश सरवाल इत्यादि ने हिस्सा लिया।
