विधायक डॉ नीरा यादव ने बैठक में प्रशासक को लगायी कड़ी फटकार

Spread the love

बैठक में मौजूद उपायुक्त ऋतुराज ने प्रशासक को निर्देश दिया कि जितनी भी योजनाएं हैं सभी का शिलान्यास कराना सुनिश्चित करें। बैठक में विधायक डॉ नीरा यादव ने कहा कि कोडरमा में पहले भी स्ट्रीट लाइट लगा था, खराब होने पर ठीक नहीं कराया गया और बाजार से अत्यधिक दर पर फिर स्ट्रीट लाइट लगवाया गया। जो लाईट जेम पोर्टल या ऑन लाइन 12 सौ से 24 सौ में उपलब्ध है, वह 6 हजार से अधिक की दर पर खरीदा गया।

वहीं 36 सौ से छह हजार तक में उपलब्ध सीमेंट का बेंच लगभग 14 हजार में खरीद कर वित्तीय अनियमितता और राशि की बंदरबांट की गई। इसी तरह स्प्रिंग पोस्ट और अन्य योजनाओं में भी गड़बड़ी की गई है। उन्होंने उपायुक्त से वर्तमान प्रशासक शंभू प्रसाद कुशवाहा के कार्यकाल में हुए सभी कार्यों की उच्च स्तरीय जांच कराने को कहा। उपायुक्त ऋतुराज ने बताया कि इस बात एसडीओ की अध्यक्षता में जांच टीम का गठन कर दिया गया है।

वहीं विधायक ने कोडरमा में एक करोड़ 27 लाख की लागत से बन रहे जॉगर्स पार्क के स्थल को भी असुरक्षित बताते हुए बड़ी राशि के अपव्यय की बात कही। उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों और विधायक एवं सांसद से योजनाओं के बाबत कभी राय नहीं ली गयी। कोडरमा में बिजली आफिस के बगल मुहल्ला में नाली के साथ पीसीसी का निर्माण होना था, कई सालों से लोग इसकी मांग कर रहे हैं। इस मुहल्ला के साथ ही विवेकानंद काॅलोनी में लोगों के घरों में बारिश और नाली का पानी चला जाता है, पर इसे जरूरी नहीं समझा गया।

डोमचांच नगर पंचायत की भी यही स्थिति है। गैर जरूरी आई लव कोडरमा और डोमचांच के नाम पर सेल्फी प्लाईंट बनवाकर 10-10 लाख रूपये खर्च कर दिए गए। झुमरीतिलैया में जाम से छुटकारा और ठेला और सब्जी विक्रेताओं को स्थाई जगह उपलब्ध कराने का भी विधायक ने प्रशासक अंकित कुमार को निर्देश दिया।

साथ ही कहा कि विशुनपुर आश्रम रोड का शिलान्यास नहीं करवा कर काम चालू करवा दिया गया, निर्माण हाल में हुआ है पर सडक की स्थिति कम दिनों में खराब होने लगी। बैठक में यह भी बात आई कि 2019 में कोडरमा उच्च विद्यालय के सामने जिला पुस्तकालय निर्माण कार्य का शिलान्यास हुआ था, वहां पुस्तकालय का निर्माण कराया जायेगा। इस बैठक में उपायुक्त के अलावा नगर पंचायत और नगर परिषद के प्रशासक के साथ ही सिटी मैनेजर एवं अन्य कर्मी मौजूद थे।