सोनीपत पुलिस का फर्जी एनकाउंटर, युवक को लगी गोली:वेन्यू कार के शक में की फायरिंग, साथी पकड़ा; परिजन बोले- फेक मुठभेड़

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सोनीपत जिले में पुलिस की गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई अब विवादों के घेरे में आ गई है। क्राइम ब्रांच खरखौदा और गोहाना सदर पुलिस द्वारा एक संदिग्ध वाहन की तलाश में की गई घेराबंदी के दौरान दो युवकों को निशाना बना लिया गया। इस दौरान हुई फायरिंग में एक युवक के पैर में गोली लग गई, जबकि दूसरे को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। परिजनों और राजनीतिक संगठनों ने इस कार्रवाई को फर्जी मुठभेड़ करार देते हुए पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले ने तूल पकड़ लिया है और पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं। वहीं पुलिस कमिश्नर ने निष्पक्ष जांच का भरोसा दिया है, जिससे पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आने की उम्मीद जताई जा रही है। रोहतक गोलीकांड से जुड़ी थी कार्रवाई जानकारी के अनुसार पुलिस को रोहतक में हुए एक गोलीकांड में वांछित हुंडई वेन्यू कार की सूचना मिली थी। इसी इनपुट के आधार पर क्राइम ब्रांच खरखौदा और गोहाना सदर पुलिस ने गांव भैंसवाल के पास गोहाना फरमाणा रोड़ पर नाकाबंदी कर संदिग्ध वाहन की तलाश शुरू की। नाकाबंदी के दौरान पुलिस ने एक हुंडई वेन्यू कार को घेर लिया, जिसमें शौर्य और अमित नाम के दो छात्र सवार थे। पुलिस को देखकर अचानक घबरा कर खेतों की तरफ भाग लिए। पुलिस ने इन्हें संदिग्ध मानते हुए कार्रवाई शुरू कर दी। मुठभेड़ में चली गोली, शौर्य घायल घटनाक्रम के दौरान पुलिस और युवकों के बीच अफरा-तफरी की स्थिति बन गई, जिसमें फायरिंग हुई और शौर्य के पैर में गोली लग गई। घायल हालत में उसे तुरंत गोहाना के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज जारी है। शौर्य सोनीपत के सैक्टर 23 का रहने वाला है। अमित को हिरासत में लिया, पहलवान बताया जा रहा कार में सवार दूसरे युवक अमित को पुलिस ने मौके से पकड़ लिया। बताया जा रहा है कि अमित पहलवानी से जुड़ा हुआ है और दोनों युवक एक साथ काम करते थे। जानकारी के अनुसार शौर्य, अमित और उनका साथी इशू मिलकर ड्रेन की सफाई का ठेका लेते हैं। घटना के समय वे साइट से सामान लेने के लिए निकले थे और कोल्ड ड्रिंक व नींबू लेने के लिए जा रहे थे। राजनीतिक कनेक्शन भी आया सामने इनेलो के जिला अध्यक्ष ने बताया कि दोनों युवक इंडियन नेशनल लोकदल की छात्र इकाई से जुड़े हुए हैं। घटना के बाद इनेलो कार्यकर्ता और परिजन सक्रिय हो गए और मामले को लेकर विरोध दर्ज कराया। परिजनों ने बताया फर्जी एनकाउंटर घायल शौर्य के परिजनों ने पुलिस कार्रवाई को पूरी तरह से फर्जी बताते हुए आरोप लगाया कि बिना जांच-पड़ताल के उनके बेटे को गोली मार दी गई। उन्होंने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं। घटना के बाद परिजन और इनेलो कार्यकर्ताओं ने पुलिस कमिश्नर ममता सिंह से मुलाकात की। पुलिस कमिश्नर ने मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है और कहा है कि सच्चाई के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। आला अधिकारी कर रहे जांच फिलहाल सोनीपत पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी पूरे मामले की गंभीरता से जांच में जुटे हुए हैं। घटना के सभी पहलुओं को खंगाला जा रहा है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि फायरिंग किन परिस्थितियों में हुई और कहीं कोई लापरवाही तो नहीं हुई। इनेलो जिला अध्यक्ष व परिजन कमिश्नर से मिले इनेलो के जिला अध्यक्ष कुनाल गहलावत का कहना है कि पुलिस द्वारा उनके कार्यकर्त्ता शौर्य को गोली मारी गई है। यह एक फर्जी एनकाउंटर है। मामले में जांच के लिए वे परिवार के साथ पुलिस कमिश्नर ममता सिंह से भी मिले हैं और उन्होंने आश्वासन दिया है कि जाँच करवाई जाएगी। एसीपी का बयान वहीं पुलिस एसीपी अजीत सिंह का कहना है कि रोहतक से एक मामले को लेकर बदमाशों के फरार होने की सूचना सोनीपत पुलिस को दी गई थी। बिना नंबर प्लेट वेन्यू गाड़ी भागने का इनपुट पुलिस को मिला था और इसी आधार पर नाकाबंदी की गई थी। बिना नंबर की वेन्यू गाड़ी वाले को रोकने की कोशिश की गई, तो गाड़ी से उतरकर युवक भागने लगे और इसी दौरान शौर्य को गोली लगी है। मामले को लेकर पुलिस ने जांच करने का दावा किया है।