आगरा में डॉक्टर पिता की लाइसेंसी रिवॉल्वर से बेटे ने खुद को उड़ा लिया। घर में अचानक गोली चलने की आवाज सुनकर घरवाले कमरे की तरफ दौड़े, तो बेटे को खून से लथपथ पाया। आनन-फानन घरवाले बेटे को अस्पताल में लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मौके पर पहुंची पुलिस ने घरवालों के बयान दर्ज कर शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। फोरेसिंक टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए है। घवालों ने बताया- बेटे को सिंगापुर से नौकरी का ऑफर आया था। वहा सिंगापुर जाना चाहता था, लेकिन पिता उसे बाहर भेजना नहीं चाहते थे। इसी वजह उसने घर पर आत्मघाती कदम उठा लिया। घटना खेरागढ़ कोतवाली की है। देखें घटना से जुड़ी 2 तस्वीरें… विस्तार से जानिए पूरा मामला पाय सितौली गांव में रहने वाले संजय सिकरवार पशु चिकित्सक हैं। गांव में ही उनकी क्लिनिक है। उनके दो बेटे थे। बड़ा बेटा सतीश बीएसएफ में जवान है। वर्तमान में उसकी तैनाती नगालैंड में है। छोटा बेटा अनुज सिकरवार (20) बीएससी एग्रीकल्चर अंतिम वर्ष का छात्र था। शनिवार सुबह करीब 8:30 बजे उसने पिता संजय की लाइसेंसी रिवॉल्वर से कनपटी पर गोली मार ली। जिस वक्त अनुज ने खुद को गोली मारी, उस समय घर पर कोई भी मौजूद नहीं था। घरवालों ने बताया कि घटना के करीब 15 मिनट बाद अनुज का चचेरा भाई रामू घर पहुंचा। उसने अनुज को बिस्तर में खून से लथपथ पड़ा देखा। इसके बाद रामू ने दूसरे घरवालों को बताया। साथ ही अनुज को इलाज के लिए आगरा ले गया। घरवालों का कहना है कि कुछ दिन पहले अनुज को सिंगापुर से नौकरी का ऑफर आया था। वह सिंगापुर जाना चाहता था। लेकिन पिता संजय सिकरवार उसे बाहर भेजना नहीं चाहते थे। इस वजह से उसने आत्महत्या कर ली। छह महीने पहले एग्रीकल्चर के सेल्स मैन की नौकरी सिंगापुर से ऑफर आया था। जिसमें 1100 डालर प्रति माह की सैलरी थी। इंडियन करेंसी के अनुसार उसकी सैलरी 90 से ₹100000 के बीच में थी। प्रभारी निरीक्षक हरीश कुमार शर्मा ने बताया कि छात्र को नाजुक हालत में आगरा के जिला अस्पताल में पहुंचाया गया। लेकिन, तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। फिलहाल यह साफ नहीं हो सका है कि छात्र ने इतना बड़ा कदम क्यों उठाया? इस घटना से घरवाले गहरे सदमे में हैं। किसी को अंदाजा नहीं था कि पढ़ाई में जुटा युवक अचानक ऐसा कदम उठा लेगा? एक दशक से पिता के पास थी लाइसेंसी रिलॉवर
प्रभारी निरीक्षक ने बताया- जांच में पता चला है कि 10-15 साल से पशु चिकित्सक संजय सिकरवार के पास लाइसेंसी रिलॉवर है। इस घटना के बाद वह गहरे सदमे में हैं। वह कुछ भी बता नहीं पा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों की स्थिति और अधिक साफ हो सकेगी। फिलहाल, पुलिस घरवालों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर मामले की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। ————————– यह खबर भी पढ़ें… असम-राइफल्स के जवान ने की हर्ष फायरिंग, बच्चे की मौत:सीने के आर-पार हुई बुलेट; बलिया में ससुराल की बारात में डांस कर रहा था; FIR दर्ज
बलिया में बारात में डांस के दौरान हुई हर्ष फायरिंग में 8 साल के बच्चे की मौत हो गई। गोली बच्चे के सीने के आरपार हो गई और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया। उधर, घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया। बच्चा अपनी पड़ोस में आई बारात में आया हुआ था। आरोपी सुनील यादव, असम राइफल्स में सिपाही है। पढ़ें पूरी खबर…
डॉक्टर पिता ने सिंगापुर नहीं जाने दिया तो सुसाइड किया:आगरा में कनपटी पर गोली मारी, घरवाले बोले- बेटे को नौकरी का ऑफर आया था
