नगर पालिका ज्योतिर्मठ अन्य निकायों के लिए एक ‘रोल मॉडल’ बनकर उभरी है. पालिका ने न केवल कूड़ा साफ करना सिखाया, बल्कि कूड़े के पृथकीकरण (सेग्रीगेशन) के जरिए आय प्राप्त करने का मार्ग भी दिखाया है. आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2024-25 की यात्रा के दौरान पालिका ने 6 लाख से अधिक प्लास्टिक बोतलें एकत्र की थीं, जिससे नगर पालिका को लगभग 16 से 17 लाख रुपये की आय प्राप्त हुई थी. इसी तर्ज पर इस वर्ष भी सफाई व्यवस्था को आय का जरिया बनाया जा रहा है.
चारधाम यात्रा : 4 दिन में ही 50 हजार से ज्यादा प्लास्टिक बोतलें इकट्ठा, पिछली बार ज्योतिर्मठ नगर पालिका ने कमाए थे 17 लाख
