हरियाणा में जनगणना के हाउस लिस्टिंग कार्य का विरोध कर रहे 33 कर्मचारियों पर FIR दर्ज की गई है। कर्मचारियों का विरोध प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनता जा रहा था। कई जिलों में ड्यूटी पर नहीं पहुंचने, बार-बार निर्देशों के बावजूद काम शुरू न करने और अधिकारियों के साथ असहयोग करने के मामलों में एफआईआर दर्ज की गई है। ड्यूटी न करने वाले 80 दूसरे कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए सूची तैयार कर पुलिस को भेजी गई है। गुरुग्राम में 19 और फरीदाबाद में 22 कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर कराने की प्रक्रिया चल रही है। वहीं, कुछ अन्य जिलों के 39 कर्मचारियों पर भी FIR करने की तैयारी है। कर्मचारियों का कहना है कि उनपर एक्स्ट्रा काम का बोझ डाल दिया गया है और न ही उसके पैसे मिलते हैं। कई कर्मचारियों को तो वोटर लिस्ट रिवीजन, जनगणना के साथ स्कूल का काम एक साथ करना पड़ रहा है। वहीं, फील्ड पर लोग भी उनका विरोध करते और डाटा लीक का हवाला देते हुए भगा देते हैं। उधर, राज्य सरकार ने कर्मचारियों को चेताते हुए कहा कि जनगणना कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अनुपस्थित कर्मचारियों के खिलाफ न केवल एफआईआर दर्ज कराई जा रही है, बल्कि उनके मूल विभागों को निलंबन की कार्रवाई शुरू करने के निर्देश भी दिए जा रहे हैं। पहले जानिए क्यों विरोध कर रहे कर्मचारी पढ़ाई का नुकसान, स्टाफ की कमी हरियाणा के स्कूलों में पहले से 15,000+ टीचर पोस्ट खाली हैं। कई स्कूलों में सिर्फ 1 टीचर है, उसे भी जनगणना में लगा दिया है। पानीपत में कई स्कूलों का पूरा स्टाफ ही एन्यूमरेटर बना दिया। इससे पढ़ाई ठप होने का खतरा बना हुआ है। एक्स्ट्रा काम का बोझ, पैसा नहीं कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें एक साथ 3-3 ड्यूटी दे दी गई हैं। वोटर लिस्ट रिवीजन + जनगणना + स्कूल का काम। एक टीचर पर 3 जिम्मेदारी का बोझ हो गया है। फील्ड वर्क घंटों करना पड़ता है, अलग से पेमेंट/भत्ता नहीं मिलता है। कर्मचारी बहाना बना रहे हैं कि धूप से एलर्जी है। एक 60 साल की टीचर ने लिखा है कि मुझे गठिया है, सीढ़ी चढ़ने से पैर सूज जाते हैं। लोग सहयोग नहीं कर रहे, भगा देते कर्मचारियों का कहना है कि जब वो जानकारी लेने फील्ड पर जाते हैं तो लोग उनका विरोध करते और कुछ भी बताने से कतराते हैं। जुलाना से ऐसा ही एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें लोग अपने घर की जानकारी देने से मना करते हैं और कर्मचारी को डाटा लीक होने की बात कहते हैं। अब जानिए किस जिले में क्या-क्या कार्रवाई हुई… गुरुग्राम में 5 कर्मचारियों पर मुकदमा, 400 से ज्यादा रडार पर नगर निगम गुरुग्राम की शिकायत पर जनगणना कार्य में लापरवाही बरतने वाले 5 कर्मचारियों के खिलाफ सिटी थाना गुरुग्राम में एफआईआर दर्ज की गई है। आरोप है कि कर्मचारियों ने ड्यूटी नहीं निभाई, सरकारी कार्य में बाधा डाली और बार-बार निर्देशों के बावजूद काम शुरू नहीं किया। गुरुग्राम में तीन हजार ब्लॉक बनाएं गए हैं और 450 ब्लॉक में काम शुरू नहीं हुआ है। 400 से ज्यादा कर्मचारी रडार पर हैं। 19 और कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर की सिफारिश की गई है। सोनीपत में 18 अधिकारियों-कर्मचारियों पर केस की सिफारिश नगर निगम सोनीपत ने 18 अधिकारियों और कर्मचारियों की सूची पुलिस को भेजी है। इनमें सरकारी स्कूलों, आईटीआई, पॉलिटेक्निक, महिला एवं बाल विकास विभाग और नगर निगम से जुड़े कर्मचारी शामिल हैं। इनके खिलाफ जनगणना ड्यूटी में अनुपस्थित रहने और लापरवाही के आरोप हैं। फरीदाबाद में 9 पर FIR, 22 के खिलाफ तैयारी फरीदाबाद में जनगणना कार्य के लिए करीब 9,000 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। इनमें से 9 कर्मचारियों के खिलाफ पहले ही एफआईआर दर्ज हो चुकी है। अब 22 अन्य कर्मचारियों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कराने के लिए प्रशासन ने पत्र भेजा है। भिवानी में जनगणना कार्य में कोताही बरतने और कारण पूछे जाने पर अभद्र भाषा के प्रयोग के आरोप में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रेवाड़ी खेड़ा के शिक्षक सतीश कुमार के खिलाफ थाना सदर भिवानी में एफआईआर दर्ज की गई है। कुरुक्षेत्र में 2 क्लर्क पर FIR डीसी विश्राम कुमार मीणा के निर्देश पर शाहाबाद थाने में दो क्लर्क के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। आरोप है कि नोटिस दिए जाने के बावजूद उन्होंने ड्यूटी नहीं निभाई और अधिकारियों के फोन तक नहीं उठाए। पंचकूला में 21 कर्मचारियों की सूची तैयार नगर निगम पंचकूला ने 21 कर्मचारियों की सूची प्रशासन को सौंपी है, जो लगातार जनगणना कार्य में कोताही बरत रहे हैं। उपायुक्त सतपाल शर्मा ने इनके विभागाध्यक्षों को निलंबन की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं और कहा है कि आवश्यकता पड़ने पर एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी। कालका के चार्ज अधिकारी को कारण बताओ नोटिस जनगणना कार्य में धीमी प्रगति पर नगर परिषद कालका के चार्ज अधिकारी दीपक सुखिजा को दो दिन का कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। तय समय में सुधार नहीं होने पर निलंबन की कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। सरकार का दावा: 97% से अधिक हाउस लिस्टिंग शुरू हरियाणा सरकार का कहना है कि विरोध और कार्रवाई के बीच भी जनगणना कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। जनगणना संचालन निदेशक डॉ. ललित जैन के अनुसार, हरियाणा में कुल हाउस लिस्टिंग ब्लॉक्स में से 97 प्रतिशत से अधिक में काम शुरू हो चुका है। यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल, करनाल, फतेहाबाद, हांसी, चरखी दादरी और फरीदाबाद में 100 प्रतिशत कार्य प्रारंभ होने का दावा किया गया है। चरखी दादरी 32 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा कर राज्य में सबसे आगे है। नगर निगमों में पानीपत, रोहतक और फरीदाबाद बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। SIR और जनगणना की तैयारियों की समीक्षा मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी लगातार 15 जून से शुरू होने वाले स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) की तैयारियों की समीक्षा कर रहे हैं। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि जनगणना और SIR के बीच बेहतर तालमेल रखा जाए और फील्ड स्टाफ पर अनावश्यक दबाव न डाला जाए। 25 हजार कर्मचारियों को प्रशिक्षण राज्य में SIR के लिए 20,629 बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) की ड्यूटी लगाई गई है। इसके अलावा लगभग 25,000 कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जो घर-घर जाकर सत्यापन का कार्य करेंगे।
सरकार ने जनगणना और SIR में लगे BLO तथा फील्ड स्टाफ को 31 मई तक निर्वाचन संबंधी कार्यों से छूट देने के निर्देश दिए हैं, ताकि वे पूरी तरह से जनगणना कार्य पर ध्यान दे सकें। —————– हरियाणा में डिजिटल जनगणना शुरू:घर बैठे ऑनलाइन डेटा भर सकेंगे, लिव-इन में हैं तो शादीशुदा बताना होगा; पढ़ें अहम सवाल-जवाब
हरियाणा में जनगणना प्रक्रिया को आधुनिक और पारदर्शी बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए राज्य में डिजिटल जनगणना शुरू हो गई है। इस नई व्यवस्था का शुभारंभ मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने किया। पूरी खबर पढ़ें…
हरियाणा-जनगणना ड्यूटी का विरोध कर रहे 33 कर्मचारियों पर FIR:80 रडार पर, गुरुग्राम में 5 पर एक्शन, कर्मचारी बोले-एक्स्ट्रा बोझ डाला, अलग भत्ता नहीं देते
