हरियाणा के पानीपत जिले के गांव बिहोली में हुए रणजीत हत्याकांड के आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। DSP हेडक्वार्टर सतीश वत्स ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि रणजीत नामक व्यक्ति की हत्या के आरोप में पुलिस ने उसके ही दूर के रिश्तेदार (भतीजे) विनोद को समालखा से गिरफ्तार कर लिया है। इस हत्याकांड के पीछे अवैध संबंधों का शक और शराब के नशे में हुआ झगड़ा मुख्य वजह बनकर सामने आया है। खेत के कमरे में मिला था लहूलुहान शव घटनाक्रम के अनुसार, 35 वर्षीय रणजीत मूलरूप से बिहार के पूर्णिया जिले का रहने वाला था। वह पिछले करीब 12 वर्षों से गांव बिहोली के पूर्व सरपंच जिले सिंह के खेतों में मजदूरी का काम करता था और वहीं खेत में बने एक कमरे में रहता था। रणजीत अभी दो महीने पहले ही अपने गांव से वापस काम पर लौटा था। सोमवार की सुबह जब लोग खेतों की ओर गए, तो वहां बने कमरे में रणजीत का शव लहूलुहान हालत में पड़ा मिला। किसी अज्ञात हमलावर ने तेजधार हथियार से उसका गला बेरहमी से रेत दिया था। भतीजे पर गहराया अंदेशा और गिरफ्तारी पुलिस जांच में पता चला कि करीब 15-20 दिन पहले ही रणजीत का एक दूर का रिश्तेदार विनोद भी काम की तलाश में वहां आया था। विनोद अपनी पत्नी और बच्चों के साथ रणजीत के साथ ही उसी कमरे में रह रहा था। वारदात के बाद से ही विनोद मौके से गायब था, जिससे पुलिस का शक उस पर गहरा गया। पुलिस की विभिन्न टीमों ने आरोपी की तलाश में छापेमारी शुरू की और उसे समालखा इलाके से काबू कर लिया। पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा डीएसपी सतीश वत्स ने बताया कि आरोपी विनोद ने प्रारंभिक पूछताछ में अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। विनोद ने बताया कि उसे शक था कि रणजीत के उसकी पत्नी के साथ अवैध संबंध हैं। इसी रंजिश को मन में पाले हुए विनोद सही मौके की तलाश में था। रविवार की रात रणजीत और विनोद ने कमरे में एक साथ बैठकर शराब पी। शराब के नशे में जब दोनों के बीच इसी बात को लेकर बहस शुरू हुई, तो मामला इतना बढ़ गया कि विनोद ने पास रखे एक तेजधार हथियार से रणजीत पर हमला कर दिया और उसका गला काटकर उसे मौत के घाट उतार दिया। पत्नी की भूमिका की चल रही जांच पुलिस को अंदेशा है कि इस पूरी साजिश और हत्याकांड में विनोद की पत्नी की भी कोई भूमिका हो सकती है या उसे इस घटना की पहले से जानकारी थी। डीएसपी ने कहा कि विनोद की पत्नी से भी गहन पूछताछ की जा रही है, ताकि यह साफ हो सके कि क्या वह भी इस कत्ल की साजिश में शामिल थी। 12 साल का भरोसा चंद मिनटों में टूटा रणजीत गांव में बेहद भरोसेमंद नौकर माना जाता था। पूर्व सरपंच के परिवार के साथ उसके पारिवारिक संबंध बन चुके थे, लेकिन अपने ही रिश्तेदार पर भरोसा करना रणजीत को महंगा पड़ गया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और आरोपी विनोद को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी की जा रही है, ताकि हत्या में इस्तेमाल हथियार बरामद किया जा सके।
पानीपत में रणजीत हत्याकांड में आरोपी भतीजा गिरफ्तार:पत्नी से अवैध संबंधों का शक, साथ बैठकर पी शराब; फिर झगड़ा कर रेता गला
