रेवाड़ी जिले के ढ़ालियावास गांव में 19 वर्षीय युवक ने घर में फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। विकास यादव ने 98 प्रतिशत से अधिक अंकों के साथ 12वीं की परीक्षा पास की थी। आत्महत्या से पहले चार लाइन का सुसाइड नोट छोड़ा। जिसमें लिखा मैं अपनी जिंदगी से परेशान होकर अपनी जान दे रहा हूं। घटना के समय विकास घर पर अकेला था। इसके लिए किसी को परेशान न किया जाए। सूचना के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया। टहलने गए थे पिता, मां मायके गई थी बुधवार को विकास अपने पिता के साथ घर पर था। मां मायके गई थी और बड़ा भाई गुरुग्राम की एक कंपनी में काम करता है, पिता खेती करते है। शाम को पिता विकास को बोलकर गांव की तरफ निकल गए। जब देर शाम वापस आए, तो घर के दरवाजे अंदर से बंद मिले। खिड़की से झांककर देखा कि विकास का शव फंदे पर लटक रहा था। सूचना के बाद मॉडल टाउन थाना पुलिस मौके पर पहुंची। दरवाजा तोड़कर अंदर घुसे जब पुलिस मौके पर पहुंचे, तो घर के दरवाजे अंदर से बंद थे। पुलिस दरवाजा तोड़कर अंदर घुसी और शव को फंदे से नीचे उतारा। तलाशी लेने पर विकास की जेब से एक कागज मिला। जिसमें चार लाइन लिखी हुई थी। मैं अपनी जिंदगी से तंग आ चुका हूं और खुद अपनी जान दे रहा हूं। इसके लिए किसी का परेशान न किया जाए। परिवार को भी विश्वास नहीं जांच अधिकारी संजय ने बताया कि पुलिस को चार लाइन का सुसाइड नोट मिला है। घटना के समय विकास घर पर अकेला था। 12वीं 98 प्रतिशत से अधिक अंकों से पास की थी और फिलहाल घर ही रहता था। परिवार ने प्रेम प्रसंग इत्यादि से इंकार किया है। उसके सुसाइड पर परिवार को भी विश्वास नहीं हो रहा है। शव पोस्टमार्टम के बाद परिवार को सौंप दिया है, पुलिस मामले की जांच कर रही है।
रेवाड़ी में सुसाइड नोट छोड़ युवक ने लगाया फंदा:दरवाजा तोड़कर बाहर निकाला शव; लिखा- मैं अपनी जिंदगी से परेशान
