पानीपत शहर में कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) संचालक हनीट्रैप में फंस गया। पीड़ित 80% दिव्यांग है। उससे सेंटर पर राशन कार्ड बनवाने के बहाने आई महिला उसका मोबाइल नंबर ले गई। फिर 3 महीने तक उसे कॉल और मैसेज कर डिनर पार्टी के लिए बुलाती रही। इसी बीच उसने युवक को अपनी बातों में उलझा लिया और वह उसके बताए ठिकाने पर पहुंच गया। जहां पहुंचने के बाद महिला ने उसे बीयर पिलाई और खुद ही निर्वस्त्र होकर उससे जबरन संबंध बनाए। तभी महिला का पति वहां आ धमका और उसने युवक की आपत्तिजनक हालत में वीडियो बना ली। इसके बाद उससे मारपीट कर उसकी सोने की चेन झपट ली और ₹10 लाख रुपए की डिमांड की। मौके पर ₹2 लाख रुपए में सौदा तय हुआ। आरोपियों में एक व्यक्ति और शामिल रहा, जोकि खुद को पुलिसकर्मी बताकर युवक पर कैसे भी मामला निपटाने की धमकी देता रहा। डरे-सहमे युवक ने ₹1 लाख रुपए मौके पर दिए। बाकी पैसों के लिए आरोपी लगातार उसे फोन करते रहे। युवक ने मामले की शिकायत पुलिस को दी। लेकिन पुलिस ने आरोपियों पर कार्रवाई नहीं की। पुलिस का कहना है कि शिकायत के बाद मौके पर रेड की थी, लेकिन जानकारी लीक होने से कुछ पकड़ में नहीं आया। युवक और महिला के बीच हुई वॉट्सऐप चैट भी सामने आई है। सिलसिलेवार ढंग से पढ़िए, पीड़ित की जुबानी, हनी ट्रैप की कहानी… जांच अधिकारी बोले- सबूत नहीं मिले
इस बारे में तहसील कैंप थाने के जांच अधिकारी संजय ने बताया कि मामले की शिकायत भले ही मेरे नाम पर चढ़ी है, लेकिन उसकी जांच-पड़ताल खुद SHO कर रहे हैं। मामले में कोई ठोस सबूत ऐसा नहीं मिला, जिससे की ये स्पष्ट हो सके कि उससे डिमांड की गई है। ऐसे मामलों में केस दर्ज करने के लिए सबूत होने जरूरी होते हैं। हालांकि, शिकायत के आधार पर ड्यूटी मजिस्ट्रेट भी नियुक्त किए गए थे। टीम ने मौके पर रेड भी की थी, लेकिन सूचना लीक होने की वजह सफल नहीं हो पाए। वहीं, इस बारे में थाना प्रभारी ने कहा कि कोई शिकायत ही नहीं मिली है। अब यहां पढ़िए, दोनों के बीच हुई चैटिंग…
पानीपत में दिव्यांग को हनीट्रैप में कैसे फंसाया:मोबाइल नंबर लिया, मैसेज से फ्रेंडशिप की, डिनर करने बुलाया, कपड़े उतरवा VIDEO बनाई, वॉट्सऐप चैटिंग सामने आई
