हरियाणा में BJP के वरिष्ठ नेता कुलदीप बिश्नोई को महामंडलेश्वर आचार्य बजरंग दास जी महाराज ने युग पुरुष बताया है। आदमपुर के गांव सदलपुर में श्रीमद्भागवत कथा के दौरान संत आदमपुर में भव्य बिश्नोई की हार पर भावुक हो गए और कहा कि धिक्कार है ऐसे लोगों पर जिन्होंने ऐसे परिवार को पहचाना नहीं। कथा के दौरान पूर्व सांसद कुलदीप बिश्नोई और विधायक रणधीर पनिहार मंच पर ही बैठे रहे। संत यही नहीं रुके उन्होंने कहा कि कुलदीप बिश्नोई को महापुरुष बताया और लोगों से कहा कि यह तुम्हारे समाज का बहुत बड़ा रत्न है। अगर तुमने इस रत्न को खो दिया तो एक दिन बहुत पछताओगे। संत ने कहा कि बिश्नोई समाज को अगर किसी ने पहचान दिलाई है तो वह भजनलाल ने दिलाई है। संत ने कुलदीप बिश्नोई को फूलों का हार पहनाया और पनिहार को समाज की पगड़ी पहनाई। महंत आचार्य महामंडलेश्वर श्री 1008 आचार्य बजरंग दास श्रीबालाजी सेवाधाम नागौर राजस्थान के पीठाधीश्वर हैं। बिश्नोई समाज के बीच इनकी काफी आस्था है। इससे पहले राजस्थान में ही बिश्नोई संत लालदास महाराज ने रणधीर पनिहार को लेकर टिप्पणी की थी मगर बजरंग दास ने पनिहार को पगड़ी पहनाकर उनको जवाब देने का प्रयास भी किया। महामंडलेश्वर ने कुलदीप बिश्नोई को लेकर कथा में क्या कहा… जिस गांव में कथा वहीं गांव हार का कारण बना था दरअसल, जिस गांव में श्रीमद्भागवत कथा चल रही है वही गांव भव्य बिश्नोई की हार का सबसे बड़ा कारण बना था। आदमपुर के सबसे बड़े गांव सदलपुर बिश्नोई बाहुल्य गांव माना जाता है। इस गांव में भव्य बिश्नोई को उपचुनाव में 5 हजार 500 वोट का मार्जिन रहा था जो 2024 में घटकर 3 हजार 333 रह गया था। इस गांव के भरोसे ही बिश्नोई परिवार बढ़त बनाता रहा है। 57 साल बाद आदमपुर से हारने के बाद कुलदीप बिश्नोई भावुक हो गए थे और रोने लगे थे। राजस्थान में विधायक पनिहार को पगड़ी पहनाने पर हुआ था विवाद बता दें कि कुलदीप बिश्नोई के करीबी नलवा से भाजपा MLA रणधीर पनिहार के राजस्थान जाने पर विवाद खड़ा हो गया था। कुलदीप बिश्नोई के साथ 11 दिसंबर को जोधपुर गए पनिहार का स्वागत कुलदीप बिश्नोई की तरह ही किया गया। इसमें पनिहार को कुलदीप बिश्नोई की तरह जोधपुर एयरपोर्ट पर माला पहनाई गई, समाज का साफा पहनाया गया और पुष्प वर्षा की गई। इससे अब बिश्नोई संत नाराज हो गए थे। समाज के बड़े संतों में से एक संत लालदास योग गुरु ने वीडियो मैसेज जारी कर रणधीर पनिहार का स्वागत करने पर सवाल खड़े किए थे। लालदास महाराज ने कहा कि यह समाज का दुश्मन है। इसको सबक सिखाना चाहिए था, क्योंकि इसने अखिल भारती बिश्नोई महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष देवेंद्र बूड़िया का अपमान किया था। करीब 5 मिनट के इस वीडियो में लालदास महाराज ने अपनी पीड़ा समाज के सामने रखी थी।
बिश्नोई परिवार की हार पर रो पड़े संत:कथा में कुलदीप को बताया महापुरुष, वोट नहीं देने वालों को कहा- धिक्कार है
