इस मौके पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि वंदे मातरम आजादी से लेकर अब तक हर आंदोलन में जुबान पर रहा है। जब हम 150 वर्षों का इतिहास उत्सव मना रहे हैं तो युवाओं से आह्वान है कि हमारे इतिहास को जानें। युवा भारत का भविष्य, राष्ट्र के आशा है। इस विरासत संरक्षक हैं। सीएम ने कहा कि वंदे मातरम गीत में वह शक्ति है जो लाखों भारतीयों को एक सूत्र में बांधने का काम करती है। यह गीत हमें हमारी जड़ों से जोड़ता है।
मुख्यमंत्री शर्मा ने युवाओं से कहा कि उन्हें तीन बातों की जानकारी होनी चाहिए। पहली बात, इतिहास को जानिए। जब तक आप अपने स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास को नहीं जानेंगे, तब तक आप आजादी के मूल्यों को नहीं समझ पाएंगे। वंदे मातरम का इतिहास जानिए इसके हर शब्द का अर्थ समझइए। दूसरी बात, राष्ट्र प्रेम को जीवित रखे। आज सोशल मीडिया पर विदेशी संस्कृति हावी हो रही है, उस समय हमें अपने जड़ों से जुड़ा रहना होगा। वंदे मातरम को अपने दिल में बसाना है। तीसरी बात, देशभक्ति को कर्म में बदलना है, केवल नारे लगाना काफी नहीं है। अपने कर्तव्य का ईमानदार से पालन करें, देश को आगे बढ़ाने में योगदान दें।
इस मौके पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा कि हम चाहते हैं कि प्रत्येक नागरिक इसका गायन करे।. अभियान के जरिए देशवासियों के बीच राष्ट्रभक्ति का जज्बा पैदा होना चाहिए। भाव हमारे हैं लेकिन ये राष्ट्रीय कार्यक्रम है। ये एक आह्वान बनना चाहिए। इस अभियान को हमें जागृति अभियान के रूप में मानना है।
इससे पूर्व मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर पोस्ट किया कि राष्ट्रीय गीत वन्दे मातरम् के गौरवशाली 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जयपुर स्थित एसएमएस स्टेडियम से दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी की गरिमामय उपस्थिति में आयोजित कार्यक्रम में वर्चुअल रूप से सहभागिता की।
इस दौरान वन्दे मातरम् की ऐतिहासिक यात्रा, राष्ट्रीय चेतना और स्वतंत्रता संग्राम में इसके अमूल्य योगदान पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया। साथ ही, राज्य स्तरीय कार्यक्रम में उपस्थित जनसमूह को संबोधित कर उत्कृष्ट खिलाड़ियों का सम्मान किया। राष्ट्रीय गीत के सामूहिक गायन ने वातावरण को राष्ट्र चेतना के भावपूर्ण स्वरों से गुंजायमान कर दिया।
