नीलामी का सबसे बड़ा आकर्षण ऑस्ट्रेलियाई मिडफील्डर लियाम हेंडरसन रहे, जिन्हें वेदांता कलिंगा लांसर्स ने 42 लाख रुपये में खरीदा। वहीं, जूनियर कैटेगरी में भारतीय गोलकीपर विवेक लाकड़ा ने सबको चौंकाते हुए 23 लाख रुपये में श्राची राढ़ बंगाल टाइगर्स के साथ करार किया।
महत्वपूर्ण खरीद:
लियाम हेंडरसन – वेदांता कलिंगा लांसर्स (42 लाख रुपये)
सैंडर डी वाइन (नीदरलैंड्स) – तमिलनाडु ड्रैगन्स (36 लाख रुपये)
थीस प्रिंज़ (जर्मनी) – एचआईएल गवर्निंग काउंसिल (36 लाख रुपये)
कूपर बर्न्स (ऑस्ट्रेलिया) – वेदांता कलिंगा लांसर्स (34.50 लाख रुपये)
रूपिंदर पाल सिंह (भारत के अनुभवी ड्रैगफ्लिकर) – एसजी पाइपर्स (12 लाख रुपये)
अदरोहित एक्का (भारतीय जूनियर मिडफील्डर) – तमिलनाडु ड्रैगन्स (11 लाख रुपये)
अजीत यादव (भारतीय जूनियर फॉरवर्ड) – एचआईएल गवर्निंग काउंसिल (11.5 लाख रुपये)
सुषिल धनवार (भारतीय जूनियर मिडफील्डर) – तमिलनाडु ड्रैगन्स (2 लाख रुपये)
केतन कुशवाहा (14 वर्षीय भारतीय फॉरवर्ड) – श्राची राढ़ बंगाल टाइगर्स (2.5 लाख रुपये)
रणनीतिक रुझान:
नीलामी में दो बड़े रुझान साफ तौर पर नजर आए। पहला, टीमों ने युवा भारतीय प्रतिभाओं पर विशेष भरोसा जताया, जिससे यह संकेत मिला कि लीग घरेलू स्तर पर नई ऊर्जा और प्रतिभा को बढ़ावा देना चाहती है। दूसरा, अनुभवी विदेशी खिलाड़ियों पर बड़ी बोली लगाकर फ्रेंचाइज़ियों ने यह सुनिश्चित किया कि उनके पास अंतरराष्ट्रीय स्तर का अनुभव भी हो।
गवर्निंग काउंसिल ने संभाली यूपी रुद्राज की जिम्मेदारी
नीलामी से पहले हीरो एचआईएल गवर्निंग काउंसिल ने घोषणा की कि यूपी रुद्राज फ्रेंचाइजी का संचालन अब उनके अधीन होगा, जब तक कि नया मालिक सामने नहीं आता। इस दौरान टीम ‘एचआईएल गवर्निंग काउंसिल’ के नाम से खेलेगी।
प्रमुख टीमों की स्थिति:
– वेदांता कलिंगा लांसर्स ने सबसे बड़ी खरीदारी करते हुए लियाम हेंडरसन और कूपर बर्न्स जैसे विदेशी खिलाड़ियों को शामिल किया।
– तमिलनाडु ड्रैगन्स ने सैंडर डी वाइन और जूनियर प्रतिभाओं पर बोली लगाकर अपने स्क्वॉड को मजबूत किया।
– श्राची राढ़ बंगाल टाइगर्स ने विवेक लाकड़ा और केतन कुशवाहा जैसे युवा खिलाड़ियों में निवेश कर भविष्य की झलक दिखाई।
– एसजी पाइपर्स ने रूपिंदर पाल सिंह को अपने साथ जोड़कर अनुभव और ड्रैगफ्लिक की ताकत हासिल की।
