हिसार जिले के नारनौंद में गांव मदनहेड़ी में शराब ठेके पर हुई फायरिंग और ‘जय श्री राम छोटा सामणिया’ लिखे पर्चे चिपकाने के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। सेशन जज अलका मलिक की कोर्ट ने हथियार सप्लाई करने के आरोपी विक्रम उर्फ विक्की को नियमित जमानत दे दी है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि आरोपी 13 नवंबर से जेल में है और अब उसे आगे हिरासत में रखने की जरूरत नहीं है। बता दें कि 15 सितंबर 2025 को मदनहेड़ी गांव के शराब ठेके पर मोटरसाइकिल सवार तीन नकाबपोश युवकों ने ताबड़तोड़ फायरिंग की थी। शिकायतकर्ता कपिल के अनुसार, हमलावरों ने ठेके की दीवार पर ‘जय श्री राम छोटा सामणिया’ लिखा एक पर्चा चिपकाया और जान से मारने की नीयत से गोली चलाई। पुलिस जांच में सामने आया कि यह पूरी साजिश सुमित उर्फ छोटा सामणिया के इशारे पर जतिन, आशीष और अंकित ने रची थी। 13 नवंबर को पुलिस ने किया था गिरफ्तार इस मामले में 13 नवंबर को थाना बास पुलिस ने गांव मदनहेड़ी स्थित शराब ठेके के बाहर गोली चलाने के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सोनीपत निवासी आशीष, खरेंटी निवासी अंकित और जींद निवासी विक्रम के रूप में हुई थी। इन 5 कारणों से आरोपी को जमानत मिली… डिसक्लोजर स्टेटमेंट से फंसा था आरोपी
पुलिस पूछताछ के दौरान सह-आरोपी अंकित ने खुलासा किया था कि वारदात में इस्तेमाल किए गए अवैध हथियार विक्रम उर्फ विक्की ने ही सप्लाई किए थे। इसी बयान के आधार पर पुलिस ने विक्रम को गिरफ्तार किया था। हालांकि, बचाव पक्ष के वकील बीएस नेहरा ने दलील दी कि विक्रम को इस मामले में झूठा फंसाया गया है और उसके खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं है। कोर्ट की टिप्पणी: जांच पूरी, अब जेल में रखना जरूरी नहीं
सुनवाई के दौरान सरकारी वकील ने जमानत का विरोध करते हुए कहा कि विक्रम पर अन्य मामले भी दर्ज हैं और वह गैंग को हथियार मुहैया करवाता है। लेकिन अदालत ने सभी पक्षों को सुनने के बाद कहा कि मामले की जांच पूरी हो चुकी है और आरोपी से अब कोई पूछताछ शेष नहीं है। कोर्ट ने आदेश दिया कि आरोपी को ड्यूटी मजिस्ट्रेट की संतुष्टि के अनुसार बेल बॉन्ड भरने पर रिहा कर दिया जाए।
नारनौंद में शराब ठेके पर फायरिंग करने वाले को जमानत:हिसार सेशन कोर्ट में बोला- झूठा फंसाया; हथियार सप्लाई करने का आरोप
