हरियाणा सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी (HSGMC) को सिख ज्यूडिशियल कमीशन की तरफ से बड़ा झटका लगा है। पंचकूला में कमीशन ने कमेटी के करीब 104 करोड़ रुपए का सालाना बजट रद्द कर दिया है। साथ ही कमीशन ने बजट बैठक में लिए गए सभी फैसले भी तुरंत प्रभाव से रद्द कर दिए गए। इसके अलावा कमीशन ने कमेटी के प्रधान जगदीश सिंह झींडा और चीफ सेक्रेटरी को रूल्स फॉलो करने की सख्त चेतावनी दी। उधर, कमेटी के पूर्व प्रधान एवं नॉमिनेटेड मेंबर बलजीत सिंह दादूवाल ने कमीशन के इस फैसले को हरियाणा की संगत को जीत करार दिया है। साथ ही कमेटी के प्रधान झींडा पर बादल परिवार से मिलीभगत करने का आरोप लगाया। दादूवाल ने लगाए थे कोरम पूरा नहीं होने के आरोप दरअसल, कमेटी की ओर से 7 जनवरी को बजट बैठक बुलाई गई थी, जिसमें करीब 104 करोड़ रुपए का बजट पास किया गया था। इसके खिलाफ कमेटी के पूर्व प्रधान दादूवाल ने सिख ज्यूडिशियल कमीशन में शिकायत लगाकर बजट रद्द करने की मांग की थी। दादूवाल ने बजट में कोरम पूरा (मेजोरिटी) नहीं होने के आरोप लगाए थे। कमीशन ने रद्द किए सभी फैसले आज सुनवाई के दौरान ज्यूडिशियल कमीशन ने साफ कहा कि 7 जनवरी 2026 को हुई बैठक में कोरम पूरा नहीं था। इसलिए उस बैठक में पास किया गया बजट और उससे जुड़े सभी फैसले अमान्य हैं। कमेटी में कुल 49 मेंबर हैं। बजट जैसा बड़ा फैसला पास करने के लिए कम से कम 33 मेंबर्स (कोरम) की जरूरत होती है। लेकिन बैठक में इतने सदस्य मौजूद नहीं थे। नियमों का सख्ती से पालन निर्देश दिए इसी वजह से पूरा बजट प्रक्रिया पर सवाल उठे थे। दादूवाल ने आरोप लगाए थे कि झींडा ने अपने पद का गलत इस्तेमाल करते हुए कुछ पदाधिकारियों के घर जाकर उनके साइन करवाए थे। कमीशन ने कमेटी के चीफ सेक्रेटरी और प्रधान को सख्त निर्देश दिए हैं कि आगे से बजट पास करने के लिए सभी नियमों का पालन करें। दादूवाल ने संगत की जीत बताया पूर्व प्रधान बलजीत सिंह दादूवाल ने इस फैसले का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि ज्यूडिशियल कमीशन ने सही फैसला सुनाया है। यह हरियाणा की सिख जनता की जीत है। हमने शुरुआत से ही एतराज जताया था कि कोरम पूरा नहीं होने के बावजूद बजट पास किया जा रहा है। अब पुराने बजट को साफ करने के बाद ही नया बजट पेश करना होगा। दादूवाल ने किया चेयरमैन बने रहने का दावा उधर, दादूवाल ने खुद को धर्म प्रचार कमेटी का चेयरमैन बने रहने का दावा भी किया। दादूवाल ने दावा किया कि बजट बैठक में उनको चेयरमैन पद से हटाने का फैसला हुआ था। आज कमीशन ने बजट बैठक में लिए गए सब फैसले रद्द कर दिए। इसलिए उनको हटाने का फैसला भी खत्म हो गया। झींडा बोले- कमीशन का फैसला दबाव में आया होगा वहीं, प्रधान जगदीश सिंह झींडा ने कमेटी के सोशल मीडिया पेज पर वीडियो जारी करके कहा कि हमें महसूस हुआ कि कमीशन का यह फैसला किसी दबाव में आया होगा। इस फैसले पर बैठक करके विचार हुआ कि इससे कमेटी का काम नहीं चलेगा। हमारा पिछला बजट भी पास हुआ था और इन हालात में नया बजट पेश करना हमारे लिए काफी मुश्किल होगा। बोले- दादूवाल संगत को गुमराह कर रहे झींडा ने कहा कि दादूवाल का चेयरमैन बने रहने का दावा झूठा है। दादूवाल संगत को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। दादूवाल को कमेटी की ओर से चेयरमैन नियुक्त किया गया था, लेकिन बजट बैठक से पहले यानी पिछले साल 2025 में हटाया गया था, जबकि बजट की बैठक 7 जनवरी 2026 को हुई थी।
कमीशन ने HSGMC का 104 करोड़ का बजट रद्द किया:बजट के सभी फैसले भी रद्द किए; झींडा बोले- दबाव में आया फैसला
