23,135 बच्चों की स्क्रीनिंग
इस कार्यक्रम के अंतर्गत श्री सत्य साईं संजीवनी अस्पताल की स्क्रीनिंग टीम ने 24 अगस्त से 20 सितम्बर तक पूरे रामगढ़ जिले में 23,135 बच्चों की स्क्रीनिंग की। जिनमें से 241 बच्चे संदिग्ध पाए गए और 254 बच्चों के कैंप आयोजित किया गया। स्क्रीनिंग का आयोजन विभिन्न आंगनबाड़ियों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और विद्यालयों में किया गया। इस पहल का उद्देश्य जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित बच्चों की पहचान कर उन्हें शीघ्र उपचार दिलाना एवं सही समय पर सर्जरी सुनिश्चित करना है।
कार्यक्रम के अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम सरकार की योजनाओं को बल देते हैं और दूरस्थ क्षेत्रों में जागरूकता का संचार करते हैं। उन्होंने श्री सत्य साईं संजीवनी अस्पताल की चिकित्सा टीम को बधाई देते हुए कहा कि यह टीम एक मॉडल टीम के रूप में उभर रही है और इस प्रकार के कार्यक्रमों से आने वाले समय में अधिक से अधिक बच्चों का उपचार कर एक स्वस्थ जिला बनाने का संकल्प साकार होगा।
सिविल सर्जन ने ऑपरेटेड बच्चों एवं उनके परिवारों से संवाद कर उनकी भावनाएं सुनीं और उन्हें आश्वस्त किया कि भविष्य में भी यदि उनके समुदाय में ऐसे बच्चे मिलते हैं, तो जिला प्रशासन पूरी तरह मदद करेगा और ऐसे कार्यक्रम निरंतर आयोजित होते रहेंगे।
सीसीएल राजरप्पा प्रोजेक्ट के महाप्रबंधक ने कहा कि यह कार्यक्रम सीसीएल के सीएसआर के अंतर्गत एक महत्वपूर्ण पहल है और रामगढ़ जिले में मिली सफलता से उत्साहित होकर अब यह अभियान झारखंड के अन्य पांच जिलों में भी चलाया जाएगा। उन्होंने रामगढ़ जिला प्रशासन और सभी विभागों के सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।
